Iran US Conflict: अमेरिका के साथ जारी संघर्ष के बीच ईरान ने कूटनीतिक समाधान की संभावनाओं को खुला रखने की बात कही। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने बुधवार को कहा कि तेहरान अभी भी अमेरिका के साथ संघर्ष का कूटनीतिक हल निकालने के लिए तैयार है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान की सशस्त्र सेनाएं देश की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार हैं, लेकिन उनका देश कूटनीति को सफल होने का मौका दे रहा है।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची
'मध्यस्थों के संपर्क में ईरान'
अराघची ने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ''हमारी बहादुर सेनाएं मातृभूमि की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार हैं, लेकिन ईरान कूटनीति को सफल होने का मौका देना जारी रखे हुए है।'' अराघची ने बताया कि ईरान लगातार मध्यस्थों के साथ संपर्क में है। इस बातचीत का मकसद ऐसे विचारों और विकल्पों पर चर्चा करना है, जिनसे ईरान की सात दिवसीय योजना को एक सप्ताह से भी कम समय में लागू किया जा सके।
'अमेरिका तक अब भी भेजे जा रहे संदेश'
इससे पहले भी तेहरान ने अमेरिका के साथ कूटनीतिक बातचीत के लिए दरवाजे खुले रहने की बात कही थी। तेहरान ने कहा है कि मध्यस्थों के जरिए अमेरिका तक संदेश पहुंचाए जा रहे हैं और वह कूटनीति के लिए अब भी तैयार है, जबकि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि आज इस्लामिक गणराज्य ईरान पर हमला नहीं किया जाएगा।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा था कि तेहरान ने कूटनीति के रास्ते बंद नहीं किए हैं और मध्यस्थों के जरिए अमेरिका तक संदेश पहुंचाए जा रहे हैं। युद्ध को लेकर बातचीत कई सप्ताह से ठहरी हुई प्रतीत हो रही है।
टाइम्स नाउ नवभारत पर ये भी पढ़ें: 'इजरायल पर हमले की कोशिश का मिलेगा कड़ा जवाब', चुनाव से पहले नेतन्याहू ने ईरान को दी चेतावनी
अमेरिका और इजरायल में आने वाले दिनों में चुनाव होने हैं। इस बीच ईरान के लोगों के बीच व्यापक युद्ध दोबारा शुरू होने की आशंकाएं बढ़ रही हैं। इस बीच, ईरान पर हमला करने की योजना के बारे में पूछे जाने पर ट्रंप ने पहले संकेत दिया था कि इस बारे में पहले से जानकारी देना मूर्खता होगी। हालांकि, इसके बाद उन्होंने कहा था, ''नहीं। आज कोई हमला नहीं होगा।''
