Hera Mission: एक अंतरिक्ष यान उस क्षुद्रग्रह की ओर रवाना हुआ, जिसे एक परीक्षण अभियान के तहत अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी 'नासा' ने निशाना बनाया था। यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी का 'हेरा' अंतरिक्ष यान छोटे और क्षुद्रग्रह की ओर दो साल की यात्रा पर रवाना हुआ। इसका मकसद उस दिन के मद्देनजर तैयार रहना है, जब कोई अंतरिक्ष चट्टान धरती की ओर आ सकती है।
हेरा मिशन (फोटो साभार: @SpaceX)
हेरा मिशन लॉन्च
फ्लोरिडा के केप कैनावेरल से एलन मस्क की कंपनी 'स्पेसएक्स' द्वारा प्रक्षेपित यह अभियान ग्रह रक्षा परीक्षण का दूसरा भाग है, जो किसी दिन पृथ्वी को बचाने में मददगार साबित हो सकता है।
क्या है हेरा मिशन का उद्देश्य?
अंतरिक्ष यान को एस्टेरॉयड पर टकराने से पहले उसका विश्लेषण किया जाएगा। दरअसल, हेरा मिशन में छोटे सैटेलाइट का इस्तेमाल किया गया है जिसकी मदद से एस्ट्रेरॉयड के सतह का परीक्षण किया जाएगा और उसका नक्शा तैयार किया जाएगा। जिसके जरिये एस्टेरॉयड की संरचना को समझा जा सकता है।
गौरतलब है कि नासा ने 2022 में एक अंतरिक्ष यान को डिमोर्फोस नामक एस्टेरॉयड से टकराया था जिसकी वजह से एस्टेरॉयड का रास्ता बदल गया था। हालांकि, इस टक्कर की वजह से डिमोर्फोस में क्या तब्दीली आई थी। यह समझने की कोशिश की जा रही है। नासा को उम्मीद है कि भविष्य में जब कोई एस्टेरॉयड पृथ्वी के करीब आएगा तो अंतरिक्ष यान के साथ टक्कर से उसका रास्ता बदला जा सकता है।
(एजेंसी इनपुट के साथ)
