Times Now Summit 2024 Champions of Creator Economy: 'चैंपियंस ऑफ क्रिएटर इकॉनामी' विषय पर टाइम्स नाउ समिट 2024 (Times Now Summit 2024) का हिस्सा बनीं नेशनल क्रिएटर अवार्ड 2024 विनर मिस जाह्नवी सिंह, मल्हार कलांबें और मिस कबिता सिंह से टाइम्स नाउ की श्रेया ढौंढियाल ने बातचीत की, उन्होंने सबका धन्यवाद किया और कहा कि भारत में इस साल के अंत तक 10 करोड़ कंटेंट क्रिएटर होंगे और साल के अंत तक 3000 करोड़ की कंटेंट क्रिएटर इकॉनामी होगी।
नेशनल क्रिएटर अवार्ड 2024 विनर मिस जाह्नवी सिंह, मल्हार कलांबें और मिस कविता सिंह
कंटेंट क्रिएटर जाह्नवी जो महज 21 साल की हैं उनसे जब पूछा कि आपने पीएम से मुलाकात के दौरान उनके पैर छुए तो पीएम ने उनके पैर छू लिए ऐसा क्यों हुआ, इस पर जाह्नवी ने कहा कि हमारा कल्चर है कि बेटियों के पैर छूने पर उनके भी पैर छूते हैं ये हमारे पीएम की महानता है।
वहीं मल्हार कलांबे जो महज 26 साल के हैं वो जब पीएम मोदी से मिले तो उन्होंने कहा कि कुछ वेट गेन कीजिए, उन्होंने कहा कि इन्हें कुछ टिप्स दें और खाने वाले कंटेंट क्रिएटर्स से मिलवाएं, तो पीएम के साथ उनका ये कंवर्सेशन खासा अच्छा और मजेदार रहा।
'पीएम मोदी जी से मिलना बेहद प्राउड मूमेंट था'
कबिता सिंह ने कहा कि पीएम से मिलना बेहद प्राउड मूमेंट था आप कोई काम करते हो और उसे रिकोगिनिशन मिलती है तो उसका अलग ही महत्व है, कबिता सिंह ने कहा कि क्रिएटर कम्युनिटी का उत्साह बूस्ट हो गया और उन्हें प्रेरणा मिली है कि हम भी अच्छा काम करें ताकि अगले साल हमें भी अवार्ड मिले।
कंटेंट क्रिएटर की कम्युनिटी बढ़ती ही जा रही है ऐसे में कैसे कंपटीशन मैनेज करेंगी?
इसपर जाह्नवी ने कहा कि ये डिपेंड करता है कि आपका कंटेंट कितना यूनिक है कितना वैल्यूबल है और उसे आप कैसे प्रेजेंट करते हैं इसपर आपकी सफलता निर्भर करती है।
जाह्नवी से पूछा कि आप रोज गीता पर ज्ञान देती हैं अपनी जर्नी के बारे में बताएं?
जाह्नवी ने कहा कि उनके परिवार वालों ने कहा कि तुम धार्मिक हो गई हो, जाह्नवी ने अपनी जर्नी के बारे में कहा कि मैं अंधकार में और अज्ञानता में जी रही थी और जब कोरोना के वक्त मेरी मां ने गीता का पाठ करना शुरू किया तो मुझे भी उसमें रूचि जागी और फिर सत्य के मार्ग पर मनोस्थिति और परिस्थिति दोनों बदलती गई, स्वाध्याय चल रहा है।
कविता सिंह ने कहा कि मेरी यात्रा 2014 में शुरू हुई थी
कविता सिंह से उनकी जर्नी के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि मेरी यात्रा 2014 में शुरू हुई थी अपने कुकिंग पैशन को लेकर उसे स्टार्ट किया और खाना बनाने की रेसिपी यू ट्यूब पर डालना शुरू किया, फिर 6-7 महीने के बाद मेरा खाने का एक वीडियो हिट कर गया और तभी से यात्रा जारी है।
मल्हार आप अपने को कंटेंट क्रिएटर ना कहकर 'एनवायमेंटलिस्ट' क्यों कहतें हैं?
इसपर मल्हार ने कहा मैं मुंबई से हूं और समुद्र पर काफी गंदगी आती है और कोई भी इस ओर ध्यान नहीं देता है लेकिन मैंने इस दिशा में काम शुरू किया और उसमें आगे बढ़ता गया, मेरी बीच क्लीन अप ड्राइव को खासा सपोर्ट मिला लोगों ने मुझे कचरावाला तक कहा लेकिन मेरी यात्रा जारी रही।
