Ajab Gajab: इन दिनों सोशल मीडिया पर पाकिस्तान के कराची शहर (Karachi crocodile lake) में मौजूद मंगोपिर मजार की तस्वीरें और वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं। इस जगह की सबसे खास बात यह है कि यहां एक झील है, जिसमें 200 से ज्यादा मगरमच्छ रहते हैं। हैरानी की बात यह है कि ये मगरमच्छ काफी शांत स्वभाव के माने जाते हैं और यहां आने वाले श्रद्धालु इन्हें अपने हाथों से खाना भी खिलाते हैं। लोग इन्हें मिठाई, मीट, अंडे और चावल जैसी चीजें देते हैं। बताया जाता है कि कुछ मगरमच्छ बहुत पुराने हैं और कई सालों से यहां रह रहे हैं।
Ajab Gajab: पाकिस्तान की इस मजार में रहता है मगरमच्छों का पूरा परिवार (फोटो: Instagram/dannyboy23plus)
13वीं सदी के सूफी संत पीर मंगो से जुड़ी
मंगोपिर मजार (Pakistan Famous places) 13वीं सदी के सूफी संत पीर मंगो से जुड़ी हुई है। यह दरगाह कराची के गडाप टाउन इलाके में स्थित है, जो शहर के पुराने इलाकों में से एक माना जाता है। पीर मंगो को साकी सुल्तान के नाम से भी जाना जाता है। कहा जाता है कि वे महान सूफी संत बाबा फरीद गंज शकर के शिष्य थे। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, पीर मंगो पहले एक डाकू थे, लेकिन बाद में आध्यात्मिक प्रभाव के कारण उनका जीवन बदल गया और वे सूफी मार्ग पर चल पड़े। इस मजार के मगरमच्छों को लेकर भी कई दिलचस्प कहानियां प्रचलित हैं।
धार्मिक आस्था के साथ-साथ एक अनोखा पर्यटन स्थल
एक लोकप्रिय मान्यता के मुताबिक, इन मगरमच्छों का संबंध बाबा फरीद से जोड़ा जाता है। लोग मानते हैं कि यह किसी चमत्कार का परिणाम हैं और दरगाह की रक्षा करते हैं। इसी वजह से श्रद्धालु इन्हें सम्मान की नजर से देखते हैं और इनके साथ शांत व्यवहार करते हैं।आज यह जगह धार्मिक आस्था के साथ-साथ एक अनोखे पर्यटन स्थल के रूप में भी प्रसिद्ध हो चुकी है। लोग दूर-दूर से यहां आते हैं और मगरमच्छों को करीब से देखकर हैरान रह जाते हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही तस्वीरों और वीडियो ने इस जगह की लोकप्रियता को और बढ़ा दिया है। आपको बता दें कि इस वीडियो को सोशल मीडिया के इंस्टाग्राम पर dannyboy23plus नामक अकाउंट से शेयर किया गया है। जिसे अभी तक लाखों लोगों ने देखा है।
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है। टाइम्स नाउ नवभारत किसी भी प्रकार के दावे की पुष्टि नहीं करता है।
