मार्च का महीना खत्म होते ही चिलचिलाती गर्मी ने दस्तक दे दी है। ऐसे में घरों और ऑफिसों में एयर कंडीशनर (AC) का इस्तेमाल तेजी से बढ़ने वाला है। लेकिन क्या आपका एसी पिछले साल जैसी ठंडक दे पा रहा है? अक्सर लंबे समय तक बंद रहने के बाद जब हम एसी चलाते हैं, तो वह कम कूलिंग करता है और बिजली की खपत ज्यादा करने लगता है। इसका मुख्य कारण सही मेंटेनेंस की कमी होती है। अगर आप चाहते हैं कि आपका एसी इस पूरी गर्मी 'शिमला' जैसी ठंडक दे और आपकी जेब पर भारी न पड़े, तो सर्विसिंग और मेंटेनेंस के दौरान कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बेहद आवश्यक है।
ये टिप्स करें फॉलो
1. एयर फिल्टर की सफाई है सबसे जरूरी
एसी के अंदर लगे एयर फिल्टर धूल और गंदगी को सोखते हैं। जब ये फिल्टर जाम हो जाते हैं, तो हवा का फ्लो कम हो जाता है और कंप्रेसर पर दबाव बढ़ता है। इससे कूलिंग कम होती है और बिजली का बिल बढ़ जाता है। सर्विसिंग के दौरान सुनिश्चित करें कि फिल्टर पूरी तरह साफ हों। आप खुद भी हर 15 दिन में फिल्टर निकाल कर पानी से धो सकते हैं, जिससे एसी की लाइफ बढ़ती है।
2. कंडेनसर और इवेपोरेटर कॉइल्स की जांच
एसी के बाहरी यूनिट (Outdoor Unit) में कंडेनसर कॉइल्स होती हैं, जो बाहर की धूल-मिट्टी के कारण गंदी हो जाती हैं। अगर ये कॉइल्स साफ नहीं होंगी, तो एसी गर्मी को बाहर नहीं फेंक पाएगा और कमरा ठंडा नहीं होगा। मैकेनिक से कहें कि वह हाई-प्रेशर वॉटर गन से इन कॉइल्स की अच्छी तरह सफाई करे। साथ ही, इंडोर यूनिट की कूलिंग कॉइल्स (Evaporator) पर जमी गंदगी को भी साफ करवाना जरूरी है ताकि हवा शुद्ध और ठंडी मिले।
3. गैस लीकेज और प्रेशर चेक कराएं
कूलिंग कम होने का एक बड़ा कारण रेफ्रिजरेंट गैस का कम होना या पाइप में लीकेज होना होता है। मेंटेनेंस के दौरान मैकेनिक से गैस का प्रेशर जरूर चेक करवाएं। अगर गैस कम है, तो केवल टॉप-अप न कराएं, बल्कि पहले लीकेज को ठीक करवाएं। सही गैस लेवल न केवल कूलिंग को फास्ट करता है, बल्कि कंप्रेसर को ट्रिप होने से भी बचाता है।
4. ड्रेनेज पाइप और पंखों की सर्विस
अक्सर देखा गया है कि एसी से पानी टपकने की समस्या आ जाती है, जो ड्रेनेज पाइप में गंदगी फंसने की वजह से होती है। सर्विसिंग के वक्त पाइप की सफाई सुनिश्चित करें ताकि पानी का निकास सही रहे। इसके अलावा, इंडोर और आउटडोर यूनिट के पंखों (Blowers & Fans) की भी जांच कराएं। अगर पंखे की रफ्तार धीमी है या उसमें आवाज आ रही है, तो उसकी ऑयलिंग या रिपेयरिंग तुरंत कराएं।
5. बिजली के कनेक्शन और स्टेबलाइजर
वोल्टेज में उतार-चढ़ाव एसी के पीसीबी (PCB) को नुकसान पहुंचा सकता है। सर्विस के दौरान बिजली के तारों के ढीलेपन या जलने के निशानों की जांच कराएं। यदि आपके क्षेत्र में वोल्टेज की समस्या है, तो एक अच्छी क्वालिटी का स्टेबलाइजर जरूर लगाएं। यह आपके महंगे एसी को शॉर्ट-सर्किट से बचाएगा और बिजली की खपत को नियंत्रित रखेगा।
