गर्मियों में AC के मुकाबले कूलर कम बिजली खर्च में राहत देने वाला विकल्प माना जाता है, लेकिन जब कूलर खरीदने की बात आती है तो सबसे बड़ा सवाल होता है कि टावर कूलर लें या डेजर्ट कूलर? दोनों की अपनी-अपनी खूबियां और कमियां हैं।
टावर या डेजर्ट कूलर: भीषण गर्मी में कौन-सा कूलर है सबसे बेहतर?
डेजर्ट कूलर: बड़े कमरे और तेज गर्मी के लिए बेहतर विकल्प
डेजर्ट कूलर खासतौर पर गर्म और शुष्क इलाकों के लिए बनाए जाते हैं। इनमें बड़ी पानी की टंकी और बड़े कूलिंग पैड होते हैं, जिसकी वजह से ये ज्यादा हवा को ठंडा करके दूर तक पहुंचा सकते हैं। अगर आपका कमरा बड़ा है, छत ऊंची है या गर्मी बहुत ज्यादा पड़ती है, तो डेजर्ट कूलर ज्यादा प्रभावी साबित हो सकता है। ये हॉल, बड़े बेडरूम और ऑफिस जैसी जगहों के लिए अच्छे माने जाते हैं, हालांकि इनका साइज बड़ा होता है और इन्हें रखने के लिए ज्यादा जगह चाहिए। साथ ही इनमें पानी की खपत भी टावर कूलर के मुकाबले ज्यादा होती है।
टावर कूलर: छोटे कमरे और कम जगह के लिए सही
टावर कूलर अपने पतले और लंबे डिजाइन की वजह से कम जगह घेरते हैं। ये देखने में आधुनिक होते हैं और आसानी से कमरे के किसी कोने में रखे जा सकते हैं। ये छोटे या मध्यम आकार के कमरे, बेडरूम और फ्लैट के लिए बेहतर विकल्प हो सकते हैं।
इनमें हवा का फ्लो अच्छा होता है और डिजाइन की वजह से ये घर के इंटीरियर के साथ भी आसानी से फिट हो जाते हैं, लेकिन बहुत ज्यादा गर्मी या बड़े कमरे में टावर कूलर की कूलिंग क्षमता डेजर्ट कूलर जितनी प्रभावी नहीं हो सकती।
बिजली और पानी की खपत में अंतर
दोनों तरह के कूलर बिजली की खपत के मामले में AC से काफी कम खर्चीले होते हैं, हालांकि मॉडल और क्षमता के हिसाब से बिजली की खपत बदल सकती है। डेजर्ट कूलर में बड़ी मोटर और ज्यादा क्षमता वाले पंप की वजह से खपत थोड़ी ज्यादा हो सकती है, जबकि टावर कूलर आमतौर पर छोटे स्पेस के लिए डिजाइन किए जाते हैं।
किस जगह के लिए कौन-सा कूलर खरीदें?
अगर आपका कमरा बड़ा है, गर्मी ज्यादा है और हवा दूर तक चाहिए तो डेजर्ट कूलर बेहतर रहेगा। अगर कमरा छोटा है, जगह कम है और अच्छा लुक चाहिए तो भी टावर कूलर सही विकल्प हो सकता है। साथ ही किराए के घर के लिए भी टावर कूलर ज्यादा सुविधाजनक हो सकता है।
