Bima Sakhi Yojana: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को हरियाणा के पानीपत से भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) की ‘बीमा सखी योजना’ की शुरुआत की। इस योजना का उद्देश्य 18-70 वर्ष की आयु की 10वीं पास महिलाओं को प्रशिक्षित करना और उन्हें वित्तीय रूप से सशक्त बनाना है। चलिए जानते हैं इस योजना के बारे में और इसमें क्या-क्या लाभ मिलेंगे के बारे में भी जानेंगे।
Bima Sakhi Yojana
महिला सशक्तिकरण पर क्या बोले पीएम
पीएम मोदी ने योजना की घोषणा करते हुए कहा, "आज महिला सशक्तिकरण की दिशा में भारत एक और मजबूत कदम उठा रहा है। आज 9 तारीख है। शास्त्रों में नव अंक को बहुत शुभ माना जाता है। नव अंक नवदुर्गा की नव शक्तियों से जुड़ा है। हम सब साल में नवरात्र के नव दिन शक्ति की उपासना करते हैं आज का दिन भी नारी शक्ति की उपासना जैसा ही है।" उन्होंने कहा, "बीमा सखी योजना के माध्यम से दसवीं पास बहनों-बेटियों को ट्रेनिंग दी जाएगी। उन्हें 3 साल तक आर्थिक मदद भी दी जाएगी। बीमा के सेक्टर से जुड़ा डाटा बताता है की एक एलआईसी एजेंट हर साल पौने दो लाख रुपए से अधिक कमाई करते हैं। यानी हमारी बीमा सखियां भी इतना पैसा कमाएंगी।"
ये भी पढ़ें: कोई नहीं बताएगा IRCTC की ये 10 जरूरी बातें, रोज ट्रेन में सफर करने वालों को भी नहीं पता
Bima Sakhi Yojana: क्या है बीमा सखी योजना?
बीमा सखी योजना के तहत देशभर में एक लाख महिलाओं को एलआईसी एजेंट (LIC Agents) के तौर पर ट्रेनिंग दी जाएगी। इस योजना में हरियाणा की 8,000 महिलाएं शामिल हैं। तीन साल की विशेष ट्रेनिंग में सखियों को वित्तीय सहायता भी मिलेगी। इन महिलाओं को पहले साल हर महीने 7,000 रुपये, दूसरे साल 6,000 रुपये और तीसरे साल हर महीने 5,000 रुपये की वित्तीय सहायता भी मिलेगी, साथ ही वित्तीय साक्षरता और बीमा जागरूकता को बढ़ावा दिया जाएगा।
प्रशिक्षण के बाद, यह महिलाएं एलआईसी एजेंट के रूप में काम कर सकती हैं। सिर्फ इतना ही नहीं ग्रेजुएट बीमा सखियों को एलआईसी में डेवलपमेंट ऑफिसर बनने का भी मौका मिलेगा।
कौन कर सकेगा आवेदन?
भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) की इस योजना में 18-70 वर्ष की आयु की महिलाओं, जो दसवीं कक्षा पास हैं, आवेदन कर सकेंगी। वित्तीय साक्षरता और बीमा जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए उन्हें पहले तीन वर्षों के लिए विशेष ट्रेनिंग और वजीफा (stipend) दिया जाएगा।
मोदी ने सोशल मीडिया पर किया था पोस्ट
इस योजना को लेकर पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट किया। उन्होंने लिखा, "देशभर की माताओं-बहनों और बेटियों के सशक्तिकरण के लिए हम प्रतिबद्ध हैं। इसी कड़ी में आज दोपहर बाद करीब 2 बजे हरियाणा के पानीपत में बीमा सखी योजना की शुरुआत का सुअवसर मिलेगा। इस दौरान कई और परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण भी करूंगा।"
हरियाणा से ही हुई थी ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ की शुरुआत
पीएम मोदी की हरियाणा की यह यात्रा विशेष है, क्योंकि इससे पहले 2015 में पानीपत में प्रतिष्ठित ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान की शुरुआत की थी। 22 जनवरी, 2015 को पीएम मोदी ने लड़कियों को बचाने और खासकर राज्य में बिगड़े लिंगानुपात को सुधारने के लिए पानीपत से ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ योजना की शुरुआत की थी। इसे 100 करोड़ रुपए की शुरुआती फंडिंग के साथ लॉन्च किया गया था।
