EPFO: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने सदस्यों को चेतावनी दी कि वे उन एजेंटों से सावधान रहें जो EPFO की फ्री सर्विस के लिए भारी शुल्क वसूल रहे हैं। EPFO ने कहा कि कई साइबर कैफे ऑपरेटर और फिनटेक कंपनियां सदस्यों से उन सर्विस के लिए पैसे ले रही हैं जो आधिकारिक रूप से फ्री हैं।
EPFO ने अपने बयान में कहा कि कई मामलों में ये ऑपरेटर EPFO की ऑनलाइन शिकायत निवारण पोर्टल का उपयोग कर रहे हैं, जिसे कोई भी सदस्य अपने घर से मुफ्त में कर सकता है। संगठन ने आगाह किया कि तीसरे पक्ष की कंपनियों या एजेंटों से EPFO से संबंधित सेवाएं लेने से सदस्यों की वित्तीय जानकारी असुरक्षित हो सकती है।
EPFO ने बताया कि उसके पास एक मजबूत शिकायत निवारण सिस्टम है, जिसमें शिकायतें CPGRAMS या EPFiGMS पोर्टल पर दर्ज की जाती हैं और समयबद्ध तरीके से समाधान किया जाता है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में EPFiGMS पर 16,01,202 शिकायतें और CPGRAMS पर 1,74,328 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 98% शिकायतों का समाधान समय पर किया गया।
UMANG ऐप
EPFO ने सभी सदस्यों, नियोक्ताओं और पेंशनभोगियों को सलाह दी कि वे EPFO पोर्टल और UMANG ऐप के माध्यम से उपलब्ध ऑनलाइन सेवाओं का उपयोग करें। सभी सेवाएं जैसे दावा दाखिल करना, फंड ट्रांसफर, KYC अपडेट और शिकायत निवारण पूरी तरह से मुफ्त हैं।
EPFO सर्विस में सुधार
EPFO ने अपनी सर्विस को तेज, पारदर्शी और यूजर फ्रेंडली बनाने के लिए कई सुधार किए हैं। इन सुधारों में KYC प्रक्रिया को सरल बनाना, सदस्य प्रोफाइल सुधार के लिए आधार प्रमाणीकरण का उपयोग, और ऑनलाइन शिकायत निवारण सिस्टम को मजबूत करना शामिल है।
EPFO ने ऑटो क्लेम सेटलमेंट की सीमा को ₹1 लाख तक बढ़ा दिया है, जिससे 2024-25 में 2.34 करोड़ दावे अपने आप निपटाए गए। इसके अलावा, ट्रांसफर क्लेम प्रक्रिया को 15 जनवरी 2025 से सरल बनाया गया है, जिससे अधिकांश मामलों में नियोक्ता की मंजूरी की आवश्यकता समाप्त हो गई है। EPFO ने चेक लीफ या बैंक पासबुक की छवि अपलोड करने की आवश्यकता को समाप्त कर दिया है, जिससे ऑनलाइन दावों के निपटान में तेजी आई है और अस्वीकृति दर में कमी आई है।
