Bike Taxi in Delhi: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने राजधानी में ऑनलाइन कैब सेवाएं देने वाली कंपनियों और डिलीवरी प्रोवाइडर्स के रेगुलेशन के लिए एक नीति को बुधवार को मंजूरी दे दी। इससे दिल्ली में बाइक टैक्सी के लौटने का रास्ता साफ हो गया है। केजरीवाल ने मोटर वाहन एग्रीगेटर योजना-2023 को मंजूरी दी है, जो दिल्ली में कैब सर्विस प्रोवाइडर और रेंटल बाइक सर्विस के लिए रेगुलेशन का बेस तैयार करती है। इसमें सिर्फ इलेक्ट्रिक बाइक को ही टैक्सी के रूप में चलाने की बात कही गई है।
दिल्ली में बाइक टैक्सी के रूप में सिर्फ इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स को ही चलने की मंजूरी मिली है
दिल्ली की जनता से भी राय लेगी अरविंद केजरीवाल की सरकार
एक आधिकारिक बयान के अनुसार, ये योजना सुनिश्चित करती है कि दिल्ली में सभी बाइक टैक्सी और दोपहिया रेंटल सेवा सिर्फ इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों से ही दी जा सकेगी। बयान के अनुसार, योजना के मसौदे को उपराज्यपाल के पास भेज दिया गया है। परिवहन विभाग इसके बाद इसे अंतिम रूप देने से पहले दिल्ली की जनता से भी राय लेगा। बयान में कहा गया कि नए प्रावधान दिल्ली ईवी नीति, 2020 को ध्यान में रखकर बनाए गए हैं।
बाइक टैक्सी के रूप में नहीं यूज होंगी पेट्रोल से चलने वाली बाइक
इसका सीधा मतलब ये हुआ कि देश की राजधानी दिल्ली में पेट्रोल से चलने वाली बाइक को न तो बाइक टैक्सी के रूप में इस्तेमाल किया जा सकेगा और न ही इसे डिलीवरी में इस्तेमाल किया जा सकेगा। हालांकि, ये क्लियर नहीं हुआ है कि इलेक्ट्रिक बाइक टैक्सी के लिए कमर्शियल रजिस्ट्रेशन कराना होगा या नहीं। इसके अलावा, दिल्ली के बाइक टैक्सी यूजर्स को देखते हुए इसकी संख्या कितनी तेजी से बढ़ेगी, इसके बारे में भी अभी साफ नहीं हुआ है।
दिल्ली सरकार ने फरवरी 2023 में बैन कर दी थी बाइक टैक्सी
दिल्ली सरकार के परिवहन विभाग ने फरवरी, 2023 में प्राइवेट टू-व्हीलर्स के कमर्शियल यूज के खिलाफ अभियान छेड़ा था। परिवहन विभाग ने दिल्ली में ऐसी बाइक टैक्सियों को बैन करते हुए चेतावनी दी थी कि नियमों का उल्लंघन करते हुए पाए जाने पर उन पर एक लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा।
भाषा इनपुट्स के साथ
