Basant Panchami Travel Destinations: बसंत पंचमी, जिसे वसंत पंचमी भी कहा जाता है, भारत में बसंत के आगमन का पर्व है। यह एक उज्ज्वल और आनंदमय त्योहार है, जो प्रेम, रंग और नवीनीकरण का प्रतीक है। यह देवी सरस्वती को समर्पित है, जो ज्ञान, शिक्षा और कला की देवी हैं। इस दिन पीला रंग हर जगह छा जाता है — कपड़े, फूल, भोजन और यहां तक कि मनोदशा भी। भारत के विभिन्न हिस्सों में लोग इसे अपने-अपने सुंदर तरीकों से मनाते हैं। आइए जानते हैं उन पांच स्थानों के बारे में, जहाँ इस जनवरी में जाकर आप इस त्योहार का असली अनुभव कर सकते हैं।
Basant Panchami 2026 पर कहां जाएं (Photo: istock)
कोलकाता, पश्चिम बंगाल
कोलकाता में बसंत पंचमी बहुत श्रद्धा के साथ मनाई जाती है। यहाँ सरस्वती पूजा एक प्रमुख त्योहार है। स्कूल और कॉलेज देवी की मूर्तियों को सजाते हैं। युवा छात्र पीले कपड़े पहनकर फूल, किताबें और दिल से प्रार्थनाएं अर्पित करने के लिए इकट्ठा होते हैं। शहर भर में सामुदायिक पंडाल बनाए जाते हैं। परिवार घर पर विशेष व्यंजन बनाते हैं, जैसे खिचड़ी, बेगुनी और संडेश। दिन के समय डाक्शिनेश्वर और बेलूर मठ जैसे मंदिरों में शांति और आध्यात्मिकता का अनुभव होता है। यह शहर ज्ञान और शिक्षा का जश्न मनाता है।
जयपुर, राजस्थान
जयपुर में बसंत पंचमी का मतलब पतंग उड़ाना है। शहर का आसमान रंग-बिरंगी पतंगों से भर जाता है। लोग सुबह से शाम तक छतों पर इकट्ठा होते हैं। संगीत की धुनें और हंसी-खुशी का माहौल होता है। यहाँ का मौसम एकदम सही रहता है। मंदिरों और महलों को सजाया जाता है, पीले कपड़े बाजारों में छा जाते हैं, और हर तरफ उत्सव का माहौल होता है। बसंत पंचमी के दौरान जयपुर जीवंत, उत्सवमय और रंग-बिरा रंगीन हो जाता है।
उज्जैन, मध्य प्रदेश
उज्जैन में बसंत पंचमी की मनाई एक शांत और आध्यात्मिक अनुभव है। यह शहर भारत के सबसे पवित्र स्थलों में से एक है। बसंत पंचमी पर महाकालेश्वर मंदिर में विशेष प्रार्थनाएं होती हैं। भक्त सुबह जल्दी मंदिर आते हैं। यहाँ की ऊर्जा शांति और पवित्रता से भरी होती है। शिप्रा नदी के किनारे सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं। शाम की प्रार्थनाएं भी शांति से भरी होती हैं। दिन का महत्वपूर्ण भोजन जैसे पोहा और जलेबी इस दिन का हिस्सा होते हैं।
वाराणसी, उत्तर प्रदेश
वाराणसी में बसंत पंचमी के दौरान गंगा के घाट दीपों से जगमगाते हैं। शहर भर में सरस्वती पूजा की जाती है। मंदिरों, स्कूलों और घरों में पूजा होती है। सुबह की नाव की सवारी प्रार्थनाओं और भजनों का खूबसूरत दृश्य प्रस्तुत करती है। यहाँ का वातावरण भक्ति से भरा होता है। काशी विश्वनाथ मंदिर का दर्शन इस अनुभव को और भी खास बनाता है। यहाँ की स्ट्रीट फूड जैसे कचौरी- sabzi और मलाईयो गर्माहट और स्वाद का अहसास कराते हैं। यहाँ का त्योहार आत्मिक और कालातीत होता है।
पंजाब
पंजाब में बसंत पंचमी को बसंत के नाम से मनाया जाता है। यहाँ का माहौल खुशियों और ऊर्जा से भरा होता है। सरसों के खेत पीले रंग में खिलते हैं। पतंग उड़ाना यहाँ का प्रमुख आकर्षण है। लोक संगीत और नृत्य गाँवों और शहरों में गूंजते हैं। लोग पीले कपड़े पहनकर बाहर जश्न मनाते हैं। गुरुद्वारे भक्तों का स्वागत प्रार्थनाओं के साथ करते हैं। पारंपरिक पंजाबी भोजन परिवार और दोस्तों के साथ साझा किया जाता है। यह त्योहार प्रकृति और समुदाय से जुड़ा होता है।
