Meta ने किशोरों की ऑनलाइन सुरक्षा और सोशल मीडिया इस्तेमाल को लेकर बड़े बदलावों पर सहमति जताई है। अमेरिका के 29 राज्यों से जुड़े करीब 18 अरब डॉलर के समझौते के तहत कंपनी Instagram और Facebook पर किशोरों (Teens) के लिए कई नए सेफ्टी फीचर्स लागू करेगी। इन बदलावों का उद्देश्य किशोरों के स्क्रीन टाइम को नियंत्रित करने और उन्हें ऑनलाइन संभावित खतरों से बचाने का है।
स्कूल टाइम में कम आएंगे नोटिफिकेशन
दोनों ऐप्स के लिए होगी 2 घंटे की संयुक्त लिमिट
नए नियमों के तहत Teens Instagram और Facebook को मिलाकर हर दिन अधिकतम 2 घंटे इस्तेमाल कर सकेंगे। यह सीमा दोनों ऐप्स पर अलग-अलग 2 घंटे की नहीं होगी, बल्कि दोनों प्लेटफॉर्म के लिए कुल 2 घंटे की होगी।
अगर कोई किशोर इस सीमा से बचने के लिए एक से ज्यादा अकाउंट का इस्तेमाल करने की कोशिश करता है, तो Meta का सिस्टम ऐसे व्यवहार का पता लगाने की कोशिश करेगा। 2 घंटे पूरे होने के बाद दोनों ऐप्स का इस्तेमाल रोक दिया जाएगा। हालांकि, माता-पिता की अनुमति मिलने पर अतिरिक्त समय दिया जा सकता है। रिपोर्ट के मुताबिक, कोर्ट की मंजूरी मिलने के बाद ये नियम लंबे समय तक लागू रह सकते हैं।
रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक नहीं खुलेंगे ऐप्स
Meta Teens के लिए नया Night Mode भी लाने की तैयारी कर रही है। इसके तहत रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक Instagram और Facebook को खोला नहीं जा सकेगा। यह केवल नोटिफिकेशन बंद करने वाला फीचर नहीं होगा, बल्कि इस दौरान किशोर ऐप्स का इस्तेमाल ही नहीं कर पाएंगे। इसके अलावा लगातार 15 मिनट तक ऐप इस्तेमाल करने पर ब्रेक लेने की याद दिलाने वाला नोटिफिकेशन भी दिखाया जाएगा। इसका उद्देश्य लंबे समय तक लगातार स्क्रॉलिंग को कम करना है।
पैरेंट्स को फीड कंट्रोल करने का विकल्प
नए बदलावों के तहत माता-पिता को अपने बच्चों के सोशल मीडिया फीड पर ज्यादा नियंत्रण मिलेगा। वे चाहें तो ऐसा फीड सेट कर सकेंगे, जो Meta के पर्सनलाइज्ड एल्गोरिदम पर आधारित न हो। यानी बच्चे को उनकी पिछली गतिविधियों के आधार पर लगातार नए कंटेंट सुझाने के बजाय ज्यादा सामान्य फीड दिखाई जा सकती है। इसके साथ ही Autoplay को भी बंद किया जा सकेगा। ऐसे में अगला वीडियो या कंटेंट अपने आप चलने के बजाय उसे देखने के लिए किशोर को खुद टैप या स्वाइप करना होगा।
स्कूल टाइम में कम आएंगे नोटिफिकेशन
Meta स्कूल के समय किशोरों को मिलने वाले नोटिफिकेशन को भी सीमित करेगी। सुबह 8 बजे से दोपहर 3 बजे तक ज्यादातर पुष नोटिफिकेशन को साइलेंट रखा जाएगा। हालांकि, सुरक्षा अलर्ट या Direct Message जैसी जरूरी सूचनाओं को इससे बाहर रखा जा सकता है। कंपनी Extreme Cosmetic Filters पर भी पाबंदी को बढ़ाने की तैयारी कर रही है। इसके अलावा किशोरों के पोस्ट पर Like और Reaction Counts डिफॉल्ट रूप से नहीं दिखाए जाएंगे।
TikTok और YouTube पर भी दबाव
Meta इन सुरक्षा उपायों को केवल Instagram और Facebook तक सीमित नहीं रखना चाहती। कंपनी TikTok और YouTube से भी किशोरों के लिए इसी तरह के सुरक्षा उपाय लागू करने की मांग कर रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, 18 अरब डॉलर के समझौते की एक बड़ी राशि इन प्लेटफॉर्म्स के समान कदम उठाने से जुड़ी हुई है।
Fake Age वाले अकाउंट्स पर भी होगी सख्ती
Meta Teens की उम्र की पहचान करने के लिए अपने सिस्टम को भी मजबूत करेगी। कंपनी ऐसे यूजर्स का पता लगाने पर ज्यादा जोर देगी, जो अपनी वास्तविक उम्र छिपाकर सोशल मीडिया अकाउंट बनाते हैं। इसके साथ ही किशोरों को अनुचित या खतरनाक वयस्क यूजर्स से दूर रखने के लिए मौजूदा सुरक्षा उपाय भी जारी रहेंगे।
