Apple iPhones at risk: वैसे तो एप्पल आईफोन्स अपने प्रीमियम और सेफ्टी फीचर्स के लिए दुनिया भर में पॉपुलर हैं, लेकिन अब आईफोन यूजर्स पर एक बड़ा खतरा मंडरा रहा है। अगर आप आईफोन इस्तेमला करते हैं तो अब आपको थोड़ा सावधान रहने की जरूरत है। सरकारी एजेंसी कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (CERT-In) ने भारत में ऐप्पल डिवाइस यूजर्स के लिए एक बड़ी चेतावनी जारी की है। अगर आप CERT-In की इस चेतावनी को इग्नोर करते हैं तो इससे आपका पर्सनल डेटा ब्रीच हो सकता है और साथ ही हैकर्स आपके स्मार्टफोन का कंट्रोल भी ले सकते हैं।
हमारी थोड़ी सी लापरवारी से हमारा पर्सनल डेटा लीक हो सकता है।(फोटो क्रेडिट-iStock)
CERT-In के मुताबिक एप्पल डिवाइसेस पर इस समय बड़ी खामी पाई गई है। इस खामी का फायदा उठाकर हैकर्स आसानी से आपके फोन पर सेंध लगा सकते हैं और आपके पर्सनल डाटा का मिसयूज कर सकते हैं। इन खामियों की वजह से आपके डिवाइस की मेमोरी तक करप्ट हो सकती है।
इन यूजर्स पर मंडरा रहा है खतरा
CERT-In की रिपोर्ट के मुताबिक Apple के iOS और iPadOS के 26.0.1 से पुराने वर्जन पर चलने वाले आईफोन यूजर्स पर इस समय हैकिंग का खतरा बना हुआ है। इसके साथ ही, macOS Tahoe के 26.0.1 से पुराने वर्जन, macOS Sequoia के 14.8.1 से पुराने वर्जन और visionOS के 26.0.1 से पुराने वर्जन पर चलने वाले डिवाइस भी इस समय हाई रिस्क पर हैं। इन वर्जन्स के सॉफ्टवेयर में एक सुरक्षा कमजोरी पाई गई है, जिसका फायदा उठाकर आसानी से साइबर क्रिमिनल्स फोन में पहुंच बना सकते हैं।
CERT-In के अनुसार, इस कमजोरी का जोखिम स्तर मीडियम है और इसे डेटा में छेड़छाड़ के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। अगर यूजर्स का डिवाइस हैंकिंग का शिकार होता है तो इससे फोन काम करना बंद कर सकता है और साथ ही हैकर्स मैलवेयर को भी डिवाइस में इंस्टाल कर सकता है। हैकिंग का शिकार होने की वजह से फोन में इंस्टाल ऐप्स क्रैश हो सकती हैं।
हैकिंग से बचने के लिए करें ये काम
ओएस वर्जन में पाई गईं ये सुरक्षा कमजोरियां मुख्य रूप से पुराने वर्जन पर चलने वाले डिवाइस को अधिक नुकसान पहुंचा सकती हैं। ऐसे में अगर आप साइबर खतरे से बचना चाहते हैं तो सबसे कारगर उपाय है कि अपने डिवाइस को तुरंत लेटेस्ट सॉफ्टवेयर वर्जन में अपडेट कर लें। साइबर क्रिमिनल्स उन डिवाइस को आसानी से हैकिंग का शिकार बना पाते हैं जिन्हें लंबे समय से अपडेट न किया गया हो। अगर आपने डिवाइस को आटोमैटिक अपडेट पर नहीं सेट किया है तो सेटिंग पर जाकर अपडेट सॉफ्टवेयर पर जाकर डिवाइस को अपडेट कर सकते हैं।
