Rishabh Pant's Statement: लखनऊ सुपर जायंट्ल को रविवार को कोलकाता नाईट राइडर्स के खिलाफ अपने घरेलू मैदान पर सुपर ओवर तक गए मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। मैच में टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी केकेआर ने मोहसिन खान की कहर बरपाती गेंदबाजी का सामना करते हुए रिंकू सिंह की 83(51) रन की नाबाद पारी की बदौलत 20 ओवर में 7 विकेट पर 155 रन का स्कोर खड़ा किया था। इसके बाद जीत के लिए 156 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी लखनऊ सुपर जायंट्स 20 ओवर में मोहम्मद शमी के आखिरी गेंद में जड़े छक्के की बदौलत स्कोर बराबर कर लिया। इसके बाद सुपर ओवर में पहले बल्लेबाजी करने उतरी लखनऊ की टीम ने 3 गेंद में महज 1 रन पर 2 विकेट गंवा दिए। इसके बाद जीत के लिए मिले 2 रन के लक्ष्य को पहली ही गेंद पर रिंकू सिंह के विजयी चौके की बदौलत हासिल कर लिया।
ऋषभ पंत और रिंकू सिंह (फोटो क्रेडिट IPL/BCCI)
मुश्किल हुई प्लेऑफ की राह
यह ऋषभ पंत की कप्तानी वाली लखनऊ सुपर जायंट्स की सीजन की 8 मैच में छठी हार है। इस मुकाबले में हार के बाद लखनऊ की टीम लीग की अंक तालिका में 4 अंक और -1.106 के नेट रन रेट के साथ अंतिम पायदान पर पहुंच गई है। उसके 6 मुकाबले शेष हैं। प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए उसे बाकी के सभी 6 मैच जीतने होंगे। वर्तमान परिस्थितियों और पिछले सीजन के परिणाम के मुताबिक किसी भी टीम को प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की करने के लिए कम से कम 16 अंक हासिल करना जरूरी है। कोलकाता के खिलाफ मुकाबले के बाद उसके लिए बाकी बचे सभी मैच नॉकआउट जैसे हो गए हैं।
हमें निश्चित तौर पर ब्रेक चाहिए
ऐसे में कोलकाता के खिलाफ सुपर ओवर में हार के बाद लखनऊ के कप्तान ऋषभ पंत बेहद निराश नजर आए और उन्होंने कहा कि हमें निश्चित तौर पर एक ब्रेक की जरूरत है जिसके बाद मुझे लगता है कि हम तरो-ताज़ा हो जाएंगे। इस खेल में हमेशा दबाव रहता है और यह दबाव वाला खेल ही रहेगा। पंत ने हार की वजहों के बारे में कहा, हमें अपने अंदर जवाब ढूंढने होंगे बाहर नहीं। चीजों को आसान रखना होगा और टीम को प्रत्येक खिलाड़ी को जिम्मेदारी लेनी होगी। एक या दो लोगों के जिम्मेदारी लेने से कुछ नहीं बदलेगा हमें सामुहिक प्रयास करने होंगे। निश्चित तौर पर कई लोग अपनी जिम्मेदारी समझेंगे।
पूरन को सुपर ओवर में बल्लेबाजी के लिए क्यों भेजा?
निकोलस पूरन खराब फॉर्म में हैं ऐसे में क्या सोचकर उन्हें पॉवरप्ले में बल्लेबाजी करने भेजा गया। इसके जवाब में पंत ने कहा, हमने एक टीम में चर्चा के बाद ये निर्णय किया और निकोलस पूरन का नाम सामने आया। भले ही वो अपने करियर के सर्वश्रेष्ठ फॉर्म में नहीं हैं लेकिन आपको ऐसी मुश्किल परिस्थित में खिलाड़ियों पर भरोसा जताना पड़ता है। वो ज़रूर अच्छा प्रदर्शन करेंगे। पंत ने आगे कहा, मेरे पास हार के लिए कोई बहाना नहीं है। हम सकारात्मक पहलुओं पर नज़र डाल रहे हैं; हो सकता है कि फिलहाल ज़्यादा सकारात्मक बातें न हों, लेकिन मुझे लगता है कि ब्रेक के बाद,निश्चित रूप से बहुत से सकारात्मक पहलू होंगे।
दिग्वेश राठी से क्यों कराई 20वें ओवर में गेंदबाजी
आखिरी ओवर में दिग्वेश राठी से गेंदबाजी करने के फैसले पर पंत ने कहा, क्रिकेट में हमेशा ऐसे मौके आते हैं जब आप गेंदबाज़ी में थोड़ा-बहुत बदलाव करते हैं। लेकिन कभी-कभी गेंदबाजों मुश्किल ओवर डालने ही पड़ते हैं। आगे ऐसे मौके भी आएंगे जब मुझे उनसे बीच के ओवरों में गेंदबाजी कराना होगी। मैं विकेट की तलाश में था। बस मुझे विकेट मिला नहीं। उनसे गेंदबाजी कराने के पीछे यही सोच थी। मैदान पर बहुत ज़्यादा दिमाग लगाने से चीज़ें आसान नहीं होती हैं।'रिंकू सिंह ने 20वें ओवर में दिग्वेश राठी की गेंद पर लगातार चार छक्के जड़कर केकेआर को 150 रन के पार पहुंचा दिया था और यही ओवर अंत में निर्णायक साबित हुआ।
