एडिलेड: भारत (India Cricket team) को गुरुवार को टी20 वर्ल्ड कप (T20 World Cup) के दूसरे सेमीफाइनल में इंग्लैंड (England Cricket team) के हाथों 10 विकेट की करारी शिकस्त सहनी पड़ी। इसी के साथ भारतीय टीम के 15 साल के खिताबी सूखे को खत्म करने का सपना भी अधूरा रह गया। रोहित शर्मा (Rohit Sharma) के नेतृत्व वाली भारतीय टीम का मौजूदा टूर्नामेंट में सफर समाप्त हुआ। टीम इंडिया के हेड कोच राहुल द्रविड़ (Rahul Dravid) ने स्वीकार किया कि उनकी टीम को एडिलेड की पिच पर कम से कम 180 से 185 रन का स्कोर बनाना चाहिए था और इंग्लैंड ने हर विभाग में उन्हें मात दी।
एलेक्स हेल्स और जोस बटलर की शानदरा पारियों की बदौलत इंग्लैंड ने 10 विकेट की शानदार जीत दर्ज की। राहुल द्रविड़ ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा, 'सेमीफाइनल में हारकर निश्चित ही निराशा हुई। हम कुछ और आगे जाना चाहते थे। मगर इंग्लैंड से हम हर विभाग में हार गए। इंग्लैंड प्रत्येक विभाग में बेहतर टीम थी और स्कोर यह दर्शाता है। हमने अच्छी बल्लेबाजी की। हम उन टीमों में से हैं, जिसने टूर्नामेंट में दो से तीन बार 180 या ज्यादा स्कोर बनाया। जब हमने शुरूआत की तो लड़कों ने कहा कि पिच चिपचिपी और धीमी थी।'
उन्होंने आगे कहा, '15वें ओवर तक हम करीब 15-20 रन पीछे थे। अंतिम ओवरों में हम अच्छे थे, हार्दिक ने शानदार बल्लेबाजी की। हमें अंत में 180 से 185 रन का स्कोर बनाना चाहिए था। मेरे ख्याल से हमारा अभियान अच्छा रहा। हमने कुछ अच्छा टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट खेला। हमारे अपने कुछ पल टूर्नामेंट में रहे। कुछ व्यक्तिगत स्तर पर गुण और शैली देखने को मिली। मगर आज हमारा प्रदर्शन पर्याप्त नहीं था। मुझे विश्वास है कि हम इस निराशा को पीछे छोड़कर आगे बढ़ेंगे।'
विराट कोहली, रोहित शर्मा और भुवनेश्वर कुमार सहित सीनियर खिलाड़ियों के भविष्य के बारे में बात करते हुए द्रविड़ ने कहा कि अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। द्रविड़ ने स्वीकार किया कि विदेशी टी20 लीग में खेलने से भारतीय खिलाड़ियों को फायदा मिलेगा, लेकिन इसकी अपनी चुनौतियां भी हैं। उन्होंने कहा, 'हमारे लड़के इस मौके से चूक जाते हैं। बीसीसीआई वहां फैसले लेता है। मगर सभी खिलाड़ियों को इस तरह की लीग में खेलने की अनुमति मिली तो हमारा घरेलू क्रिकेट नहीं बचेगा। रणजी ट्रॉफी खत्म हो जाएगा। इसका मतलब टेस्ट क्रिकेट खत्म हो जाएगा। हमें इस तरह की स्थिति में भारतीय क्रिकेट की चुनौतियों को समझते हैं। टेस्ट खेलना भी महत्वपूर्ण है।'
बता दें कि इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच 13 नवंबर को मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड पर टी20 वर्ल्ड कप 2022 का फाइनल मुकाबला खेला जाएगा। दोनों ही टीमों के पास दूसरी बार टी20 चैंपियन बनने का सुनहरा मौका होगा। इससे पहले केवल वेस्टइंडीज ही ऐसी टीम है, जिसने दो बार टी20 वर्ल्ड कप खिताब जीता है।
