भारतीय क्रिकेट टीम लंबे समय से अच्छे तेज गेंदबाजों की खोज में हैं जो जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) का काम हल्का कर सकें और भविष्य में टीम इंडिया के पेस अटैक में नई धार लेकर आएं। मयंक यादव (Mayank Yadav) आईपीएल में अपनी रफ्तार का जादू दिखा चुके हैं लेकिन चोटों ने उनके करियर में कई बार ब्रेक लगाया है। अब उन्होंने पहली बार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में प्रभावी प्रदर्शन करके दिखाया है जब जिम्बाब्वे के खिलाफ टीम इंडिया ने पहले टी20 मैच में शानदार जीत दर्ज की। मयंक को प्लेयर ऑफ द मैच का अवॉर्ड दिया गया। मैच में पहले बैटिंग करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम को भारतीय गेंदबाजों ने 125/7 के स्कोर पर रोक दिया। जवाब में भारतीय बल्लेबाजों ने 13.2 ओवर में सिर्फ 3 विकेट खोते हुए शानदार जीत दर्ज कर ली, जिसमें युवा ओपनर वैभव सूर्यवंशी ने 18 गेंदों में ताबड़तोड़ अर्धशतक लगाया और टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अर्धशतक (19 गेंदों में 50 रन, 4 चौके, 4 छक्के) लगाने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए हैं।
मयंक यादव बने प्लेयर ऑफ द मैच
जिम्बाब्वे के खिलाफ हरारे में खेले गए पहले टी20 मैच में शानदार गेंदबाजी के लिए 'मैन ऑफ द मैच' अवॉर्ड जीतने वाले मयंक यादव ने सिर्फ 18 रन देते हुए 2 विकेट झटके। अवॉर्ड जीतने के बाद उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसी पिच पर गेंदबाजी करने में मजा आया जहां तेज गेंदबाजों को मदद मिल रही थी। मयंक ने कहा, "जब आप जीत में योगदान देते हैं तो हमेशा बहुत अच्छा लगता है। इसलिए यह मेरे लिए बहुत खास पल था।"
मयंक यादव के अलावा अन्य युवा तेज गेंदबाज प्रिंस यादव ने भी बेहतरीन बॉलिंग की और 19 रन पर 2 विकेट लिए। प्रिंस ने मैच के बाद कहा कि मुश्किल हालात के बावजूद गेंदबाज अपनी योजना पर डटे रहे। उन्होंने कहा, "मैं अपने प्रदर्शन से बहुत खुश हूं लेकिन इससे भी जरूरी बात यह है कि हमने मैच जीता। जब हमने अच्छी लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी की तो पिच से भी मदद मिली।"
जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने माना कि उनकी टीम उम्मीदों पर खरी नहीं उतरी। उन्होंने कहा कि सुबह की नमी का असर उम्मीद से कहीं अधिक था। उन्होंने कहा, "प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं था। सुबह नमी का असर दिखा, लेकिन मुझे उम्मीद नहीं थी कि यह इतनी देर तक असर डालेगी। आखिरी आठ ओवरों में और जब भारत बल्लेबाज़ी करने उतरा तो विकेट बहुत अच्छा खेल रहा था।"
