ग्वालियर: युवा बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल(Yashasvi Jaiswal) का यश भारतीय क्रिकेट गलियारे में लगातार बढ़ता जा रहा है। बेहद कम उम्र में यशस्वी अपने बल्ले से बड़े धमाल करते जा रहे हैं और टीम इंडिया का दरवाजा तोड़ने को तैयार हैं। बुधवार को ग्वालियर के कैप्टन रूप सिंह क्रिकेट स्टेडियम में शेष भारत की ओर से खेलते हुए साल 2021-22 की रणजी ट्रॉफी चैंपियन मध्यप्रदेश के खिलाफ धमाकेदार दोहरा शतक जड़ दिया। खबर लिखे जाने तक वो 213*(247) रन बनाकर खेल रहे हैं।
ईरानी कप में दोहरा शतक जड़ने के बाद यशस्वी जायसवाल(साभार BCCI Domestic)
यशस्वी ने जड़ा धमाकेदार दोहरा शतक
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी शेष भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही। पारी के तीसरे ही ओवर में आवेश खान ने कप्तान मयंक अग्रवाल को हिमांशु मंत्री के हाथों कैच कराकर चलता कर दिया। इसके बाद अभिमन्यु ईश्वरन का साथ देने मैदान पर उतरे यशस्वी जायसवाल ने धमाकेदार बल्लेबाजी करते हुए मध्यप्रदेश के बल्लेबाजों की बखिया उधेड़कर पहले अपना शतक और फिर दोहरा शतक पूरा किया। खबर लिखे जाने तक ईश्वरन और जायसवाल के बीच 369* रन की साझेदारी दूसरे विकेट के लिए हो गई थी। यशस्वी ने धमाकेदार बल्लेबाजी करते हुए 157 गेंद में अपना शतक 13 चौकों और एक छक्के की मदद से पूरा किया। इसके बाद तेजी से बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने 230 गेंद में 30 चौके और 2 छक्के की मदद से अपना दोहरा शतक भी पूरा कर लिया।
.@ybj_19 joins the hundred-scoring party! 🎉A cracking knock from the left-handed batter as he & Abhimanyu Easwara… t.co/aE0cMvURu4
— ANI (@ANI) Mar 1, 2023
अबतक शानदार रहा है प्रथम श्रेणी करियर
करियर का महज 15वां प्रथम श्रेणी मैच खेल रहे 21 वर्षीय यशस्वी ने अपनी शानदार बल्लेबाजी से बड़ी उपलब्धियां अपने नाम कर ली हैं। यशस्वी ईरानी कप से पहले खेले 14 प्रथम श्रेणी मुकाबलों में 70.85 के शानदार औसत से 1488 रन अपने नाम कर चुके थे। इस दौरान उनके बल्ले से 7 शतक और 2 अर्धशतक निकले थे। उनका सर्वाधिक स्कोर 265 रन था।
छोटे से करियर में हासिल की विशिष्ट उपलब्धि
यशस्वी रणजी ट्रॉफी के बाद अब ईरानी कप में भी दोहरा शतक जड़ने में सफल हो गए हैं। बुधवार को उन्होंने करियर का 8वां प्रथम श्रेणी शतक जड़ा। साल 2019 में यशस्वी ने अपने प्रथम श्रेणी करियर की शुरुआत छत्तीसगढ़ के खिलाफ मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में की थी। वो अपने छोटे से करियर में रणजी ट्रॉफी के क्वार्टर-फाइनल और सेमीफाइनल में शतक जड़ चुके हैं। ऐसे में उन्हें बड़े मैच का बड़ा खिलाड़ी माना जा रहा है। घरेलू क्रिकेट में विजय हजारे ट्रॉफी, रणजी ट्रॉफी और ईरानी कप में तीनों में दोहरा शतक जड़ने वाले यशस्वी सबसे युवा भारतीय बन गए हैं। महज 21 साल की उम्र में यह अपने आप में एक विशिष्ट उपलब्धि है।
