गॉल। गॉल इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम की पिच भारत और श्रीलंका के बीच शनिवार (15 अगस्त) से शुरू होने वाले पहले टेस्ट से पहले ही सबसे ज्यादा चर्चा का विषय बन गई है। बुधवार (12 अगस्त) को भारत के हेड कोच गौतम गंभीर के इंस्पेक्शन के कुछ ही घंटों बाद ग्राउंडस्टाफ ने पिच में कई बदलाव किए। इसके अलावा श्रीलंका ने बुधवार को मैदान पर बंद कमरे में प्रैक्टिस सेशन किया, जिसमें मीडिया और आम लोगों को खेलने की जगह से दूर रखा गया।
गॉल पिच पर बहस। फोटो- अंकन कर
श्रीलंका के प्रैक्टिस सेशन के दौरान, गंभीर और भारत के बैटिंग कोच सीतांशु कोटक पिच का जायजा लेने के लिए थोड़ी देर के लिए मैदान पर गए। दोनों के लिए सतह का जायजा लेने के लिए कवर हटाया गया और उनके जाने के बाद उसे जल्दी से ठीक कर दिया गया। भारतीय कोचिंग जोड़ी के दौरे ने शुरुआती टेस्ट के लिए भारत के कॉम्बिनेशन को तय करने में पिच के महत्व को दिखाया।
पिच में किए कई बदलाव
दिलचस्प बात यह है कि गंभीर और कोटक के जाने के दो घंटे से भी कम समय में मेन कवर हटा दिया गया और ग्राउंडस्टाफ एक लॉन मोवर ले आए। सॉफ्ट रोलर लाने से पहले मोवर को 22-यार्ड स्ट्रिप पर कई बार चलाया गया। फिर कवर वापस लगाने से पहले पिच को कुछ देर धूप में खुला छोड़ दिया गया। श्रीलंका टेस्ट मैच जीतने के लिए हर हथकंडे अपना रही है।
मौसम भारत के लिए एक और चिंता का विषय
पिच ही अकेली वजह नहीं है जो इंडियन कैंप को परेशान करे हुए। टेस्ट के दौरान मौसम का भी रोल हो अहम हो सकता है। जब से इंडियन टीम अपने सी-फेसिंग रिसॉर्ट में पहुंची है, तब से गॉल के आसपास भारी बारिश हो रही है। बुधवार को मौसम काफी साफ और धूप वाला था, लेकिन आने वाले दिनों में बारिश का अनुमान है। कोई भी रुकावट शायद सरफेस के नेचर पर असर डाल सकती है और इंडिया के सिलेक्शन कैलकुलेशन में एक और वैरिएबल जोड़ सकती है।
