Narmada Jayanti 2023: हिंदू धर्म में नदियों को जीवनदायी मानने के साथ मां का दर्जा दिया गया है। देश में गंगा, यमुना, सरस्वती, नर्मदा, सरयू नदी और गोदावरी आदि पवित्र नदियों की पूजा की जाती है। गंगा माता की तरह नर्मदा देवी का भी हर साल पूजा की जाती है। हिंदू पंचांग के अनुसार माघ शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को पूरे देश में नर्मदा जयंती मनाई जाती है। मान्यता है कि इस दिन मां नर्मदा का अवतर हुआ था। नर्मदा जयंती का खासतौर पर मध्यप्रदेश, गुजरात और महाराष्ट्र में बहुत धूम रहता है। यहां पर नदी के किराने विभिन्न घाटों पर धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है।
मां नर्मदा को पुराणों में रेवा के नाम से भी जाना जाता है। धार्मिक ग्रंथों में बताया गया है कि, जितना पुण्य गंगा स्नान करने से मिलता है, उतना ही पुण्य नर्मदा में स्नान करने से भी मिलता है। नर्मदा नदी का उद्गम मध्य प्रदेश के अमरकंटक से होता है और ये गुजरात व महाराष्ट्र में होकर बहती है। आइए जानते हैं नर्मदा जयंती इस साल कब है और पूजा के लिए शुभ मुहूर्त क्या है।
नर्मदा जयंती 2023 की तिथि और स्नान का शुभ मुहूर्त
इस साल नर्मदा जयंती 28 जनवरी 2023 को मनाई जाएगी। हिंदू पंचांग के अनुसार माघ माह के शुक्ल पक्ष में पड़ने वाली सप्तमी तिथि 27 जनवरी को प्रात: 09 बजकर 10 मिनट पर आरंभ होगा और 28 जनवरी को प्रात: 08 बजकर 43 मिनट पर सप्तमी तिथि का समापन होगा। उदयातिथि 28 जनवरी को है, इसलिए नर्मदा जयंती भी 28 जनवरी को ही मनाई जाएगी। पंचांग के अनुसार, 28 जनवरी को नर्मदा स्नान के दो शुभ मुहूर्त बन रहे हैं। पहला शुभ मुहूर्त प्रात: 05.29 से 7.14 बजे तक और दुसरा शुभ मुहूर्त - दोपहर 12.18 से 01.02 बजे तक का है।
नर्मदा जयंती महत्व
नर्मदा को भारत की सात पवित्र नदियों में से एक माना गया है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, माघ शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को नर्मदा में स्नान कर इनकी पूजा करने पर भक्तों के जीवन में आर्थिक समृद्धि के साथ सुख-शान्ति आती है। विष्णु पुराण में बताया गया है कि नाग राजाओं ने मिलकर नर्मदा मां को वरदान दिया था कि, जो भक्त उनके सच्चिदानंदमयी और कल्याणमयी जल में स्नान कर उनका स्मरण करेगा उस व्यक्ति के तमाम पाप नष्ट हो जाएंगे। उसके जीवन के सभी कष्ट दूर हो जाएंगे। इसलिए मां नर्मदा को मोक्षदायिनी भी कहा जाता है।
(डिस्क्लेमर: यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)
