Gupt Navratri 2026 Rashifal: मां दुर्गा को समर्पित आषाढ़ गुप्त नवरात्रि का सनातन धर्म के लोगों के लिए खास महत्व है, जिसका जश्न लगातार 9 दिनों तक चलता है। इस दौरान 10 महाविद्याओं की पूजा की जाती है, जो कि मां दुर्गा के सबसे शक्तिशाली और तांत्रिक रूप हैं। मान्यता है कि 10 महाविद्याओं की उपासना करने से साधक को विशेष शक्तियों की प्राप्ति होती है और शत्रुओं से छुटकारा मिलता है। ज्योतिष दृष्टि से देखें तो आषाढ़ गुप्त नवरात्रि के 9 दिन बेहद खास हैं क्योंकि अधिकतर दिन किसी न किसी ग्रह की चाल में हलचल देखने को मिलेगी। चलिए अब जानें आषाढ़ गुप्त नवरात्रि में होने वाले ग्रह गोचर के समय और राशियों पर पड़ने वाले उनके प्रभाव के बारे में।
आषाढ़ गुप्त नवरात्रि के 9 दिन 12 राशियों के लिए कैसे रहेंगे?
गुप्त नवरात्रि के किस दिन कौन सी महाविद्या की पूजा होती है?
गुप्त नवरात्रि के पहले दिन जहां मां काली की पूजा की जाती है, वहीं दूसरे दिन देवी तारा की, तीसरे दिन देवी त्रिपुर सुंदरी की, चौथे दिन देवी भुवनेश्वरी की, पांचवें दिन देवी भैरवी की, छठे दिन देवी छिन्नमस्ता की, सांतवें दिन देवी धूमावती की और आठवें दिन देवी बगलामुखी की पूजा की जाती है। इसके अलावा आखिरी यानी नौवें दिन देवी मातंगी और देवी कमल की अलग-अलग समय पर पूजा की जाती है। हालांकि, आम लोग 10 महाविद्याओं की पूजा करने से बचते हैं क्योंकि इनकी पूजा विशेष विधि और नियम के अनुसार ही करनी होती है, अन्यथा व्यक्ति को अशुभ प्रभावों का सामना करना पड़ सकता है।
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आषाढ़ गुप्त नवरात्रि में कौन से ग्रहों की बदलेगी चाल
सूर्य ग्रह- 2 बार (1 राशि और 1 नक्षत्र गोचर)
- सूर्य ग्रह कर्क राशि में 16 जुलाई 2026, बृहस्पतिवार को देर रात 11:44 मिनट पर गोचर करेंगे।
- सूर्य ग्रह पुष्य नक्षत्र में 20 जुलाई 2026, सोमवार को सुबह 11:33 मिनट पर गोचर करेंगे।
शुक्र ग्रह- 1 बार (नक्षत्र गोचर)
- शुक्र ग्रह पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र में 16 जुलाई 2026, बृहस्पतिवार को शाम 07:11 मिनट पर गोचर करेंगे।
गुरु ग्रह- 1 बार (नक्षत्र गोचर)
- गुरु ग्रह पुष्य नक्षत्र में 19 जुलाई 2026, रविवार को देर रात 09:43 मिनट पर गोचर करेंगे।
चंद्र ग्रह- 13 बार (4 राशि और 9 नक्षत्र)
- पुष्य नक्षत्र में 15 जुलाई 2026, बुधवार को सुबह 12:09 मिनट पर चंद्र ग्रह ने गोचर किया है।
- अश्लेशा नक्षत्र में 15 जुलाई 2026, बुधवार को रात 09:46 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- मघा नक्षत्र में 16 जुलाई 2026, बृहस्पतिवार को शाम 07:51 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- सिंह राशि में 16 जुलाई 2026, बृहस्पतिवार को शाम 07:51 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र में 17 जुलाई 2026, शुक्रवार को शाम 06:34 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र में 18 जुलाई 2026, शनिवार को शाम 06 बजे चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- कन्या राशि में 18 जुलाई 2026, शनिवार को देर रात 11:58 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- हस्त नक्षत्र में 19 जुलाई 2026, रविवार को शाम 06:11 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- चित्रा नक्षत्र में 20 जुलाई 2026, सोमवार को शाम 07:09 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- तुला राशि में 21 जुलाई 2026, मंगलवार को सुबह 07:54 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- स्वाती नक्षत्र में 21 जुलाई 2026, मंगलवार को रात 08:48 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- वृश्चिक राशि में 23 जुलाई 2026, बृहस्पतिवार को शाम 07 बजे चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
- विशाखा नक्षत्र में 22 जुलाई 2026, बुधवार को देर रात 11:02 मिनट पर चंद्र ग्रह गोचर करेंगे।
अन्य 5 ग्रहों की स्थिति
- 15 जुलाई से देवगुरु बृहस्पति अस्त हो जाएंगे, जबकि इस पूरे समय ग्रह शनि मीन राशि में, मंगल वृषभ राशि में, बुध मिथुन राशि में, गुरु कर्क राशि में, राहु कुंभ राशि में तथा शुक्र व केतु सिंह राशि में रहेंगे। इसके अलावा मंगल मृगशिरा नक्षत्र में, बुध पुनर्वसु नक्षत्र में, शनि रेवती नक्षत्र में, राहु शतभिषा नक्षत्र में और केतु मघा नक्षत्र में रहेंगे।
गुप्त नवरात्रि के 9 दिन 12 राशियों के लिए कैसे रहेंगे?
मेष राशि
मेष राशि वालों के लिए यह गुप्त नवरात्रि आर्थिक और पारिवारिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रहेगी। सूर्य और गुरु का प्रभाव घर-परिवार तथा संपत्ति से जुड़े मामलों पर रहेगा। साथ ही किसी रुके हुए कार्य में प्रगति होगी। नौकरीपेशा लोगों को अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। इसके अलावा व्यापार में धीरे-धीरे लाभ बढ़ेगा। मां दुर्गा की कृपा से मानसिक तनाव भी कम होगा, लेकिन प्रेम संबंधों में संयम रखना बेहतर रहेगा।
वृषभ राशि
आपके लिए यह समय साहस और उपलब्धियों में वृद्धि करने वाला रहेगा। मंगल का आपकी राशि में होने से आत्मविश्वास मजबूत रहेगा। नई योजनाएं सफल हो सकती हैं। साथ ही छोटे भाई-बहनों का सहयोग मिलेगा। इसके अलावा नौकरी में नई जिम्मेदारी मिल सकती है। विद्यार्थियों के लिए ये समय अनुकूल रहेगा, लेकिन वाहन चलाते समय सावधानी रखें।
मिथुन राशि
बुध का आपकी राशि में होने से निर्णय क्षमता मजबूत रहेगी। साथ ही धन संबंधी मामलों में लाभ के योग बनेंगे। इसके अलावा रुका हुआ पैसा वापस मिल सकता है। इस दौरान व्यापारियों से नए ग्राहक जुड़ सकते हैं। परिवार में शुभ समाचार मिलेगा। हालांकि, गुरु अस्त होने से बड़े निवेश सोच-समझकर करें।
कर्क राशि
सूर्य और गुरु का प्रभाव आपकी राशि पर रहेगा। यह समय व्यक्तित्व, सम्मान और आत्मविश्वास बढ़ाने वाला रहेगा। करियर में नई शुरुआत हो सकती है। यदि आप नौकरी बदलने की योजना बना रहे हैं तो अवसर मिल सकता है। इसके अलावा वैवाहिक जीवन में मधुरता बढ़ेगी और स्वास्थ्य पहले से बेहतर रहेगा।
सिंह राशि
शुक्र और केतु आपकी राशि में रहेंगे, इसलिए भौतिक सुख और आध्यात्मिकता के बीच संतुलन बनाकर चलना होगा। हालांकि, खर्च बढ़ सकते हैं, लेकिन धार्मिक कार्यों में रुचि भी बढ़ेगी। इसके अलावा विदेश संबंधी कार्यों में सफलता मिल सकती है। प्रेम संबंधों में भ्रम की स्थिति से बचें।
कन्या राशि
आर्थिक दृष्टि से यह समय अच्छा रहेगा। आय के नए स्रोत बन सकते हैं। साथ ही लंबे समय से अटका हुआ कार्य पूरा होने के योग हैं। मित्रों और वरिष्ठ लोगों का सहयोग मिलेगा। करियर में उन्नति के अवसर मिलेंगे। विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता मिल सकती है।
तुला राशि
करियर के क्षेत्र में यह गुप्त नवरात्रि शुभ संकेत दे रही है। नौकरी में पदोन्नति या नई जिम्मेदारी मिल सकती है। व्यापार में विस्तार की योजना सफल हो सकती है। पिता का सहयोग मिलेगा। साथ ही सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ेगी। हालांकि, अधिकारियों से बातचीत में विनम्रता बनाए रखें।
वृश्चिक राशि
भाग्य आपका साथ देगा। धार्मिक यात्राओं के योग बन सकते हैं। इसके अलावा उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षा और विदेश संबंधी मामलों में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे। साथ ही व्यापार में नए अवसर प्राप्त होंगे। परिवार में मांगलिक कार्य की चर्चा हो सकती है।
धनु राशि
गुरु अस्त होने के कारण इस अवधि में धैर्य बनाए रखना आवश्यक होगा क्योंकि अचानक खर्च बढ़ सकते हैं। साथ ही स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें। किसी भी प्रकार का जोखिम भरा निवेश टालें। जीवनसाथी के साथ तालमेल बनाए रखें। बता दें कि आध्यात्मिक साधना से इस दौरान आपको मानसिक शांति मिलेगी।
मकर राशि
दांपत्य जीवन और साझेदारी के मामलों में यह समय महत्वपूर्ण रहेगा। व्यापारिक साझेदारी से लाभ मिल सकता है। इसके अलावा अविवाहित लोगों के लिए विवाह संबंधी चर्चा आगे बढ़ सकती है। साथ ही नौकरी में सहयोगियों का साथ मिलेगा, लेकिन क्रोध और अहंकार से बचें।
कुंभ राशि
राहु का आपकी राशि में होने से कार्यों में उतार-चढ़ाव रह सकता है, लेकिन शनि का सहयोग आपको कठिन परिस्थितियों से निकाल देगा। नौकरी में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, फिर भी सफलता मिलने के योग हैं। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें। कोर्ट-कचहरी के मामलों में राहत मिल सकती है।
मीन राशि
शनि आपकी राशि में होने के बावजूद गुरु का पंचम भाव से प्रभाव शिक्षा, संतान और रचनात्मक कार्यों में लाभ देगा। साथ ही प्रेम संबंध मजबूत होंगे। विद्यार्थियों के लिए यह समय उपलब्धियां दिलाने वाला रहेगा। व्यापार में नए निवेश की योजना बन सकती है। देवी भगवती की आराधना से इस दौरान आपका मनोबल बढ़ेगा।
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