Chanakya Niti in Hindi: चाणक्य नीति जीवन के हर मोड़ पर लोगों का मार्गदर्शन करने का काम करती है। यह हमें जीवन जीने का सलीका बताने के साथ असफलता को सफलता में बदलने का उपाय भी बताती है। आचार्य चाणक्य अपने अनमोल विचार को इस नीतिशास्त्र में ही पिरोया है। आचार्य कहते हैं कि जीवन आसान नहीं होता है। मनुष्य को हर परिस्थति का सामना कर आगे बढ़ना का लगातार प्रयास करते रहना चाहिए। अगर कोई व्यक्तिअपने जीवन में सफलता हासिल करना चाहता है तो वह दूसरे जीवों से भी बहुत कुछ सीख सकता है। कई ऐसे पक्षी हैं जो जीवन का सही मार्गदर्शन करते हैं। इनकें खास गुणों से प्रेरणा लेकर बड़ी से बड़ी समस्या को भी आसानी से पार पाया जा सकता है। आचार्य चाणक्य ने ऐसे ही तीन पक्षियों का जिक्र किया है।
सफलता पाने के खास गुण सिखाते हैं ये पक्षी, कामयाबी पक्की
1. कौआ
आचार्य चाणक्य ने कौओ को बेहद चालाक और समझदार पक्षी बताया है। आचार्य कहते हैं कि जिस तरह से एक कौआ हर समय सतर्क और सावधान रहता है, उसी तरह मनुष्य को भी हमेशा सावधान रहना चाहिए। कौआ अपने कार्य में सफलता हासिल करने के लिए बिना भयभीत हुए पूरे इच्छाशक्ति के साथ लगातार प्रयास करता रहता है और सफलता प्राप्त करता है। इस गुण को अपनाकर मनुष्य भी सफल हो सकता है।
2. बगुला
आचार्य चाणक्य के अनुसार, मनुष्य को अपनी सभी इंद्रियों पर बगुले की तरह ही नियंत्रण होना चाहिए। अगर व्यक्ति का खुद की इंद्रियों पर ही संयम नहीं होगा तो वह कभी भी किसी भी कार्य में सफल नहीं हो पाएगा। एक बगुला भोजन की तलाश में जिस तरह से घंटो अपना ध्यान केंद्रित कर एक ही जगह पर खड़ा रहता है। उस इच्छा शक्ति और क्षमता के अनुसार किसी भी कार्य को करने पर सफलता जरूर मिलती है।
3. मुर्गा
आचार्य चाणक्य कहते हैं कि इंसान को एक मुर्गे भी बहुत बड़ा ज्ञान देता है। मुर्गा जिस तरह हमेशा सूर्योदय से पहले उठता है, उसी तरह इंसान को भी सुबह जल्दी उठना चाहिए। इसके अलावा मुर्गे इंसानों को अपने हक के लिए डटकर मुश्किलों का सामना करने की सीख भी देता है। मुर्गा के इन खास गुणों से असफलता को भी सफलता में बदला जा सकता है।
(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)
