aaj kya hai 28 april 2026: हिंदू पंचांग के अनुसार 28 अप्रैल 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज एक साथ कई शुभ संयोग बन रहे हैं, जिनमें भौम शुक्ल प्रदोष व्रत, परशुराम द्वादशी और मोहिनी एकादशी (Ekadashi) का पारण शामिल है। खास बात यह है कि आज मंगलवार भी है, जो भगवान हनुमान की पूजा के लिए समर्पित माना जाता है। ऐसे में यह दिन भक्ति, साधना और शुभ कार्यों के लिए विशेष फलदायी माना जा रहा है।
आज क्या है 28 अप्रैल 2026 को, एकादशी व्रत का पारण कब होगा
आज 28 अप्रैल 2026 को एकादशी कब तक है
27 अप्रैल 2026 को मोहिनी एकादशी का व्रत रखा गया था, जिसका पारण आज यानी 28 अप्रैल को किया जाएगा। पारण का शुभ समय सुबह 05:43 बजे से 08:21 बजे तक है। इस समय के भीतर व्रत खोलना अत्यंत आवश्यक माना जाता है।
ध्यान रहे कि द्वादशी तिथि का समापन शाम 06:51 बजे होगा, इसलिए पारण समय का विशेष ध्यान रखना चाहिए। शास्त्रों के अनुसार सही समय पर पारण करने से ही व्रत का पूर्ण फल प्राप्त होता है।
आज 28 अप्रैल 2026 को भौम प्रदोष व्रत का शुभ संयोग
आज त्रयोदशी तिथि के साथ भौम प्रदोष व्रत रखा जा रहा है। जब प्रदोष व्रत मंगलवार के दिन पड़ता है, तो उसे ‘भौम प्रदोष’ कहा जाता है। यह व्रत भगवान शिव को समर्पित होता है और मान्यता है कि इस दिन शिवजी की पूजा करने से सभी प्रकार के दोष दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
प्रदोष पूजा का शुभ मुहूर्त आज शाम 06:54 बजे से रात 09:04 बजे तक रहेगा। इस दौरान शिवलिंग पर जल, दूध, बेलपत्र अर्पित कर विधिपूर्वक पूजा करना अत्यंत लाभकारी माना गया है। त्रयोदशी तिथि का आरंभ 28 अप्रैल को शाम 06:51 बजे से होगा और इसका समापन 29 अप्रैल को शाम 07:51 बजे होगा।
आज 28 अप्रैल 2026 को हनुमान भक्ति का दिन
आज मंगलवार होने के कारण यह दिन भगवान हनुमान की उपासना के लिए भी विशेष है। मान्यता है कि मंगलवार को हनुमान जी की पूजा करने से भय, संकट और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। भक्त इस दिन हनुमान चालीसा का पाठ, सुंदरकांड का पाठ और सिंदूर अर्पण करते हैं।
भौम प्रदोष और मंगलवार का यह संयोग शिव और हनुमान दोनों की कृपा पाने का उत्तम अवसर माना जा रहा है। कई लोग आज व्रत रखकर शाम के समय हनुमान मंदिर जाकर पूजा-अर्चना करते हैं।
आज 28 अप्रैल 2026 को परशुराम द्वादशी
आज परशुराम द्वादशी भी मनाई जा रही है। भगवान विष्णु के छठे अवतार परशुराम जी को समर्पित यह दिन धर्म और न्याय की स्थापना का प्रतीक माना जाता है। इस दिन विष्णु पूजा, दान और व्रत करने से जीवन में सकारात्मक ऊर्जा और शक्ति का संचार होता है।
आज 28 अप्रैल 2026 का दिन क्यों खास है
28 अप्रैल 2026 को एक ही दिन में शिव पूजा (प्रदोष व्रत), विष्णु पूजा (एकादशी पारण और परशुराम द्वादशी) और हनुमान भक्ति का दुर्लभ संयोग बन रहा है। यह दिन साधना, व्रत और दान के लिए अत्यंत शुभ माना जा रहा है। जो लोग आज श्रद्धा भाव से पूजा-पाठ करते हैं, उन्हें विशेष आध्यात्मिक लाभ मिलने की मान्यता है।
