Delimitation Bill: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने महिला आरक्षण को परिसीमन से जोड़ने को लेकर गुरुवार को सरकार पर निशाना साधा और कहा कि विपक्ष ''राजनीतिक नोटबंदी'' को सफल नहीं होने देगा। संसद भवन परिसर के बाहर पत्रकारों से बात करते हुए थरूर ने कहा कि सरकार महिला आरक्षण को परिसीमन से अलग करके तुरंत लागू कर सकती है और विपक्ष इस कदम का समर्थन करेगा।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर (फाइल फोटो)
'महिला आरक्षण से कोई समस्या नहीं'
तिरुवनंतपुरम के लोकसभा सदस्य थरूर ने कहा, ''मैं सिर्फ यह कहना चाहता हूं कि हमें महिला आरक्षण से कोई समस्या नहीं है, वे (सरकार के लोग) इसे तुरंत कर सकते हैं, लेकिन परिसीमन को क्यों शामिल किया जा रहा है? यह हमारा सवाल है, क्योंकि परिसीमन से संबंधित कई मुद्दे हैं, उनपर लंबी चर्चा की आवश्यकता है। वे दो-तीन दिनों में ही इसे पूरा करना चाहते हैं, यह संभव नहीं है।''
उन्होंने कहा कि दक्षिणी राज्यों के पास बड़े सवाल हैं जिनका जवाब देने की जरूरत है। थरूर ने कहा, ''अगर सरकार यह महिला आरक्षण लागू करना चाहती, तो वह इसे 2023 में कर सकती थी। उसे अभी लागू करना चाहिए, हम समर्थन करेंगे, लेकिन कोई परिसीमन नहीं, सिर्फ महिला आरक्षण विधेयक का समर्थन होगा।'' उन्होंने कहा, ''जिस तरह से आप परिसीमन कर रहे हैं, उसी तरह से आपने बिना सोचे समझे नोटबंदी की थी हम यह राजनीतिक नोटबंदी नहीं चाहते हैं।''
सरकार ने तीन विधेयक किया पेश
बता दें कि लोकसभा में चर्चा करने और पारित करने के लिए 'संविधान (131वां) संशोधन विधेयक 2026' तथा 'परिसीमन विधेयक, 2026' और 'संघ राज्य विधि (संशोधन) विधेयक, 2026' पेश किए गए। मसौदा संविधान संशोधन विधेयक के अनुसार, 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन के बाद, 2029 के आम चुनाव से पहले महिला आरक्षण लागू करने के लिए लोकसभा की सीटों की संख्या मौजूदा 543 से बढ़ाकर अधिकतम 850 तक की जा सकती है।
