Dismissed Captain Sandeep Tomar: पंजाब में पत्नी का हत्यारा बर्खास्त कैप्टन MP में पकड़ा गया है। बर्खास्त कैप्टन पांढुर्णा में पहचान छिपाकर रेमंड कंपनी में इंचार्ज बन गया था। कोर्ट ने उसे उम्रकैद की सजा सुनाई थी। आखिर क्यों की पत्नी का हत्या और क्या है पूरा मामला, कैसे जेल से फरार हुआ, जानते हैं सब...
पत्नी को मारकर फरार हो गया कैप्टन संदीप तोमर, सेना ने बर्खास्त किया, अब पंजाब से भाग 4 साल बाद कहां हुआ गिरफ्तार?
पंजाब में फाजिल्का जिले के अबोहर में पत्नी की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा पाने के बाद फरार हुए सेना के बर्खास्त कैप्टन संदीप तोमर को पुलिस ने मध्य प्रदेश के पांढुर्णा जिले से गिरफ्तार किया है। आरोपी यहां पहचान छिपाकर रेमंड कंपनी में इंचार्ज के तौर पर काम कर रहा था और किराए के मकान में रह रहा था।
पुलिस के मुताबिक, वह करीब 4 साल से फरार था और लगातार ठिकाने बदल रहा था। पंजाब पुलिस ने तकनीकी इनपुट के आधार पर उसकी लोकेशन ट्रेस की और मध्य प्रदेश पुलिस की मदद से शुक्रवार रात घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद उसे अबोहर ले जाकर रविवार को जज के आवास में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
हुलिया बदलकर रह रहा था, पहचान छिपाई
लोधोखडा थाना प्रभारी एबी मर्सकोले के मुताबिक, आरोपी पांढुर्णा के बोरगांव स्थित विजय ग्राम कॉलोनी में किराए का मकान लेकर रह रहा था। उसने गिरफ्तारी से बचने के लिए अपना हुलिया बदल लिया था और अपनी पहचान पूरी तरह छिपा रखी थी, ताकि कोई उसे पहचान न सके।
पहले आत्महत्या बताया, जांच में हत्या निकली
संदीप ने इसे आत्महत्या बताया था, लेकिन मृतका के पिता राम नरेश के बयान पर पुलिस ने दहेज प्रताड़ना और आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया। जांच में सामने आया कि श्वेता ने फांसी नहीं लगाई थी, बल्कि गला दबाकर उनकी हत्या की गई थी। इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया और सेना ने भी उसे सेवा से बर्खास्त कर दिया।
हाईकोर्ट ने सुनाई थी उम्रकैद, फिर हो गया फरार
आरोपी करीब 5 साल जेल में रहने के बाद वह जमानत पर बाहर आया था। केस की सुनवाई के दौरान मृतका के परिजनों ने पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट का रुख किया। 23 सितंबर 2022 को हाईकोर्ट ने संदीप तोमर को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। फैसले के बाद वह फरार हो गया था।
