समाजवादी पार्टी के नेता शिवपाल यादव ने कहा है कि वह अपनी 'आखिरी सांस' तक सपा में बने रहेंगे। फिर चाहे उन्हें पार्टी में कोई पद मिले या न मिले। पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा सौंपी गई छोटी या बड़ी कोई भी जिम्मेदारी वह निभाएंगे। उनके अनुसार, विधानसभा में विपक्ष के नेता के रूप में अखिलेश अच्छा काम कर रहे हैं। सपा नेताओं को झूठे मामलों में फंसाया जा रहा है। समाजवादी पार्टी संघर्ष करती रहेगी। भाजपा सरकार अन्याय कर रही है। क्या झूठे मुकदमे दर्ज करना और किसी के घर को बुलडोजर से तोड़ना न्याय है? भाजपा सरकार झूठे मामलों में निर्दोष लोगों को जेल भेज रही है।
प्रसपा के नेता शिवपाल यादव की पार्टी का सपा में विलय हो चुका है।
यूपी के प्रयागराज में कृषि विश्वविद्यालय में संवाददाताओं से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा, समाजवादी पार्टी अन्याय का सामना कर रहे लोगों के लिए लड़ाई जारी रखेगी। हमारी सरकार बनने पर झूठे मुकदमे वापस लिए जाएंगे। दरअसल, कयास लगाए जा रहे थे कि शिवपाल को नेता प्रतिपक्ष बनाया जा सकता है या पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष बनाया जा सकता है, लेकिन सपा नेतृत्व ने इस मुद्दे पर चुप्पी साध रखी है।
शिवपाल ने कहा कि प्रदेश में अपराधियों के घरों पर योगी सरकार द्वारा बुलडोजर चलाए जाने पर शिवपाल ने कहा कि यह परंपरा गलत है। उन्होंने कहा, ‘‘अगर किसी ने अपराध किया है तो उसके खिलाफ कार्रवाई हो, लेकिन उनके बच्चों का क्या दोष? सरकार रिश्तेदारों, सगे संबंधियों के नाम पर लिखी गई संपत्ति गिरा रही है जो गलत है। हम इस लड़ाई को लड़ेंगे और विधानसभा से लेकर सड़कों तक हम इसका विरोध करेंगे।”
आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर उन्होंने कहा, “हम चाहते हैं कि जितने भी लोहियावादी, गांधीवादी और चौधरी चरण सिंह के समर्थक हैं, जितने भी इधर-उधर हैं, सबको एकत्र करके आगे बढ़ा जाए। हमारा लक्ष्य होगा कि जो भी चुनाव हो, उसमें भाजपा को हटाया जाए।” उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भ्रष्टाचार चरम पर है और लोगों का भयंकर उत्पीड़न किया जा रहा है, यह सरकार विपक्ष को पूरी तरह से खत्म करना चाहती है। (पीटीआई, भाषा और आईएएनएस इनपुट्स के साथ)
