Smriti Irani Attacks Rahul Gandhi: बीजेपी की नव निर्वाचित राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने छात्र आंदोलन से लेकर वंदे मातरम् मुद्दो तक, कई मुद्दों पर कांग्रेस को घेरा। जेपीएससी-जेएसएससी (JPSC-JSSC) अभ्यर्थियों के प्रदर्शन को लेकर उन्होंने कहा कि क्या राहुल गांधी ने झारखंड सरकार से अपना समर्थन वापस लिया? अगर नहीं तो क्या यह राहुल गांधी की चयनात्मक राजनीति नहीं है? स्मृति ईरानी ने पंजाब और केरल में भी इसी तरह इस्तीफे की मांग किए जाने पर सवाल उठाया।
स्मृति ईरानी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर जमकर साधा निशाना। ANI
स्मृति ईरानी ने कहा कि अगर राहुल गांधी वास्तव में छात्रों के मुद्दों को लेकर गंभीर हैं, तो उन्हें हर राज्य में एक समान रुख अपनाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दल छात्रों के मुद्दों को राजनीतिक नजरिए से देख रहे हैं।
अमेठी का जिक्र कर साधा निशाना
स्मृति ईरानी ने राहुल गांधी के अमेठी सांसद रहने के दौरान की स्थिति का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उस समय स्कूलों में बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ते थे। उनके मुताबिक, मोदी-योगी सरकार ने स्कूलों में बच्चों के लिए टेबल और कुर्सियां उपलब्ध कराने का काम किया।
'गृह मंत्री चर्चा के लिए तैयार थे, राहुल गांधी क्यों नहीं आए?'
स्मृति ईरानी ने आगे कहा कि जब देश के गृह मंत्री ने सार्वजनिक रूप से चर्चा के लिए तैयार होने की बात कही, तब कांग्रेस नेता राहुल गांधी चर्चा के लिए आगे क्यों नहीं आए। उन्होंने सवाल किया कि ऐसे में पीछे कौन हटा?
जंतर-मंतर प्रदर्शन पर भी उठाए सवाल
स्मृति ईरानी ने जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि वहां विपक्ष एकजुट नहीं बल्कि बंटा हुआ नजर आया। उन्होंने दावा किया कि अगर प्रदर्शन केवल छात्रों का कार्यक्रम होता, तो राहुल गांधी वहां जरूर जाते।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने वहां अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया की मौजूदगी देखी और आम आदमी पार्टी से दूरी बनाए रखने के कारण प्रदर्शन में शामिल नहीं हुए। स्मृति ईरानी ने इसे राहुल गांधी की राजनीतिक रणनीति से जोड़ते हुए कहा कि इससे संकेत मिलता है कि राहुल गांधी भी मानते हैं कि जंतर-मंतर पर राजनीतिक प्रतिनिधियों की मौजूदगी थी।
