Sanjay Singh: आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने शनिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कई गंभीर मुद्दों पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि गुजरात में पार्टी के सोशल मीडिया अकाउंट्स को भाजपा द्वारा सस्पेंड कराया गया है, जिससे पार्टी की ऑनलाइन गतिविधियों पर असर पड़ा है। संजय सिंह ने यह भी बताया कि गुजरात में AAP का लगातार विस्तार हो रहा है और वहां पार्टी को पहले 14 प्रतिशत वोट मिले थे तथा 5 विधायक भी चुने गए हैं।
संजय सिंह का बड़ा आरोप: गुजरात में AAP के सोशल मीडिया पर रोक (Photo: X/@AamAadmiParty)
राज्यसभा के सभापति और देश के उपराष्ट्रपति को पत्र लिखेंगे-संजय सिंह
प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी के कई नेताओं और विधायकों को पहले भी जेल में डाला गया है। उन्होंने कहा कि हाल ही में AAP के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स जैसे फेसबुक और इंस्टाग्राम को भी प्रभावित किया गया है, जहां लाखों लोगों तक पार्टी की पोस्ट पहुंच रही थीं। उनके अनुसार, यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सवाल उठाता है। संजय सिंह ने आगे कहा कि वे राज्यसभा के सभापति और देश के उपराष्ट्रपति को पत्र लिखेंगे, जिसमें उन सात सांसदों की सदस्यता रद्द करने की मांग की जाएगी, जिन्होंने हाल ही में आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा की सदस्यता ली है।
पार्टी बदलने की प्रक्रिया को नहीं मिलती कानूनी मान्यता-AAP सांसद
उनका कहना है कि यह कदम संविधान और कानून के खिलाफ है और इसे वैधानिक रूप से स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने संविधान की दसवीं अनुसूची का हवाला देते हुए कहा कि इस तरह की पार्टी बदलने की प्रक्रिया को कानूनी मान्यता नहीं मिलती। इसलिए इस मामले में उचित कार्रवाई होनी चाहिए। इसके अलावा, संजय सिंह ने कुछ राजनीतिक नेताओं और टीवी चैनलों पर भी आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि झूठी और गलत तस्वीरें दिखाकर अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) की छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसे मामलों में मानहानि का केस भी किया जाएगा।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि नेताओं के घर जनता के लिए खोले जाने की बात हो रही है, तो सभी बड़े नेताओं के घर जैसे एलजी, रेखा गुप्ता और प्रवेश वर्मा के घर भी जनता के लिए खुले होने चाहिए। कुल मिलाकर अगर कहा जाए तो यह प्रेस कॉन्फ्रेंस राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को लेकर उठे विवादों पर केंद्रित रही, जिससे AAP और भाजपा के बीच तनाव और बढ़ गया है।
