NEET Paper Leak: पेपर लीक मामले (NEET UG 2026) को लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। कांग्रेस और उसके छात्र संगठन लगातार केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी बीच लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने भी इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) और केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर करते हुए कहा कि NEET पेपर लीक ने लाखों छात्रों का भविष्य खतरे में डाल दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्र न्याय की मांग को लेकर सड़कों पर उतर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी आवाज सुनने के बजाय प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि जब छात्र और युवा न्याय मांग रहे थे, तब सरकार इस मुद्दे पर चुप रही।
NEET पेपर लीक पर राहुल गांधी का सरकार पर हमला
छात्रों को सुरक्षित और निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली मिलनी चाहिए-राहुल गांधी
कांग्रेस नेता ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान (Dharmendra Pradhan) के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि जब तक जिम्मेदारी तय नहीं होगी और मजबूत परीक्षा व्यवस्था नहीं बनेगी, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। राहुल गांधी ने यह भी कहा कि देश के युवाओं को सुरक्षित और निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली मिलनी चाहिए। राजस्थान की राजधानी जयपुर में कांग्रेस और NSUI कार्यकर्ताओं ने बड़ा प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने भाजपा कार्यालय की ओर मार्च निकाला। इस दौरान पुलिस ने हालात नियंत्रित करने के लिए पानी की बौछारों का इस्तेमाल किया। प्रदर्शन में कई बड़े कांग्रेस नेता भी शामिल हुए।
कर्नाटक में भी यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने किया विरोध प्रदर्शन
कर्नाटक में भी यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। राज्य के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया (Siddaramaiah) ने कहा कि केंद्र सरकार NEET परीक्षा को सही तरीके से आयोजित करने में असफल रही है। उन्होंने मांग की कि राज्यों को फिर से अपनी मेडिकल प्रवेश परीक्षाएं आयोजित करने का अधिकार दिया जाए। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि हर साल पेपर लीक की घटनाओं से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित बनाने में नाकाम रही है। वहीं, बढ़ते विवाद के बीच राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) के अधिकारियों ने संसद की एक समिति के सामने पेश होकर परीक्षा प्रक्रिया और सुधारों पर जानकारी दी। सरकार और एजेंसियां अब परीक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के उपायों पर चर्चा कर रही हैं।
