राहुल गांधी की लोकसभा सदस्यता जाने पर बीजेपी के सीनियर नेता और केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि भगवान के घर में देर है अंधेर नहीं, राहुल को 'दुर्भाग्य' से मुक्ति मिल गई। राहुल गांधी कहते थे दुर्भाग्य से सांसद हूं। जो उनको दुर्भाग्य लगता था, आज उससे भी उनके मुक्ति मिल गई। वायनाड के लोगों को भी छुटकारा मिल गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में ये सोची समझी साजिश किसने रची। कांग्रेस में राहुल से कौन छुटकारा पाना चाहता है। राहुल के खिलाफ किसने खेल खेला। जब पवन खेड़ा के लिए तुरंत वकील पहुंच सकता था तो इनके लिए क्यों नहीं। साथ ही अनुराग ठाकुर ने कहा कि राहुल गांधी जब सत्ता में थे तब अहंकार में थे। उन्होंने अपनी सरकार में बने अध्यदेश को फाड़ा था। किसी को अपमानित करना राहुल गांधी की आदत है। राहुल गांधी अपने झूठे बयानों के 7 केसों में जमानत पर हैं।
राहुल गांधी की सदस्यता जाने पर बोले अनुराग ठाकुर
#Rashtravad: 'राहुल गांधी का पहले से ही असंसदीय आचरण रहा है, अहंकार इनका दिखता रहा है.. क्या एक भी सही राय देने वा… t.co/kIEAP4mWCa
— ANI (@ANI) Mar 24, 2023
अपशब्द बोलना उनकी आदत
अभद्र भाषा का प्रयोग, अपमान करने का काम, अपशब्द बोलना, ये उनकी आदत सी बन गई थी। उनको लगता था कि कुछ भी कह दो, कर दो, आपको तो देश में कोई कुछ बोल ही नहीं सकता। वो अपने आपको सभी चीजों से ऊपर समझते थे। अनुराग ठाकुर ने कहा कि इतने लंबे समय से जो लोकसभा के सदस्य हो, 2009 से 2014 तक 5 वर्षों में कभी अमेठी के लिए सवाल नहीं पूछ पाए। इतने वर्षों में मात्र 21 डिबेट्स में भाग लिया। यह अपने आप में उनके बारे में बताता है।
#Rashtravad: 'राहुल गांधी एक आदतन अपराधी हैं.. कांग्रेस पार्टी बांटने की राजनीति करती है'- केंद्रीय मंत्री… t.co/b1n2qrR6Ju
— ANI (@ANI) Mar 24, 2023
इस वजह से गई सदस्यता
मोदी सरनेम मानहानि केस में केरल के वायनाड से सांसद राहुल गांधी की सदस्यता चली गई। सूरत की एक अदालत ने वर्ष 2019 के मानहानि के इस मामले में दो की सजा सुनाई। उसके बाद शुक्रवार को लोकसभा की सदस्यता के लिए अयोग्य ठहरा दिया गया। गौर हो कि सूरत की एक अदालत ने मोदी सरनेम को लेकर बयान देने पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ 2019 में दर्ज आपराधिक मानहानि के एक मामले में उन्हें बृहस्पतिवार को दोषी ठहराया तथा दो साल के कारावास की सजा सुनाई।
सदस्यता जाने का कानून
लोकसभा सचिवालय की ओर से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि उनकी अयोग्यता संबंधी आदेश 23 मार्च से प्रभावी होगा। अधिसूचना में कहा गया है कि राहुल गांधी संविधान के अनुच्छेद 102 (1) और जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 8 के तहत अयोग्य घोषित किया गया है।
