गुजरात में विधानसभा चुनाव भले ही 2027 में है, लेकिन कांग्रेस इसके लिए अभी से तैयारियों में जुटी दिख रहे हैं। गुजरात के दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे लोकसभा प्रतिपक्ष के नेता राहुल गांधी ने अपने ही नेताओं को लपेटे में लिया। राहुल गांधी ने अहमदाबाद में कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि गुजरात कांग्रेस के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को सीधे जनता से जुड़ना ही पड़ेगा - तभी जनता आप में यकीन करेगी। अगर कुछ नेताओं को पार्टी ने निकालना पड़े तो निकाल भी देना चाहिए।
गुजरात में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राहुल गांधी
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अपने ही नेताओं को भड़के राहुल गांधी
राहुल गांधी ने अहमदाबाद में पार्टी कार्यकर्ताओं और निकाय चुनाव के पूर्व उम्मीदवारों से मुलाकात की और सभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा- "आज देश में हर तरफ अन्याय बढ़ता जा रहा है- ऐसे में कांग्रेस के ऊर्जावान कार्यकर्ताओं के ऊपर एक बड़ी जिम्मेदारी है। हमें साथ मिलकर इस अन्याय और अत्याचार के खिलाफ लड़ना होगा। कांग्रेस की सत्य, अहिंसा और सद्भाव की विचारधारा के लिए लड़ना होगा। हमारा पहला काम- इन दो ग्रुप को अलग करना है। अगर हमें सख्त कार्रवाई करनी पड़े, 30-40 लोगों को निकालना पड़े तो निकाल देना चाहिए। BJP के लिए लोग अंदर से काम कर रहे हैं, तो उन लोगों को निकालो और बाहर से BJP के लिए काम करने दो। फिर देखते हैं, कैसे इनकी वहां जगह बनती है, क्योंकि वो उठाकर बाहर फेंक देंगे।"
आप को इशारों ही इशारों में घेरा
राहुल गांधी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा आम आदमी पार्टी पर भी निशाना साधा। हाल में ही में दिल्ली में आप और कांग्रेस अलग-अलग चुनाव लड़े थे। गुजरात में आप के कारण कांग्रेस को नुकसान होते रहा है, यहां कांग्रेस आप को बीजेपी की बी टीम बताती रही है। इसी को लेकर राहुल गांधी ने कहा- "गुजरात की जनता, व्यापारी, किसान, मजदूर, छात्र प्रदेश में विपक्ष चाहते हैं। ये लोग गुजरात में 'B-टीम' नहीं चाहते हैं। मेरी जिम्मेदारी इन दो ग्रुप को अलग करने की है।"
राहुल गांधी ने एक दिन पहले भी दिए थे बदलाव के संकेत
गुजरात कांग्रेस ने एक विज्ञप्ति में कहा कि अपनी बैठकों के दौरान गांधी ने राज्य इकाई से स्थानीय लोगों से संबंधित मुद्दे उठाने को कहा। उन्होंने स्थानीय कार्यकर्ताओं को संगठन में बड़े बदलाव लाने का आश्वासन दिया और कहा कि नए पदाधिकारियों की जिम्मेदारी और जवाबदेही भी तय की जाएगी। गांधी ने पार्टी नेताओं से गुजरात में बेरोजगारी, महंगाई, महिला सुरक्षा और किसानों की दुर्दशा से जुड़े मुद्दे उठाने को कहा। विज्ञप्ति में कहा गया कि जिला अध्यक्षों के साथ अपने संवाद में उन्होंने बूथ स्तर तक संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आगामी विधानसभा चुनावों के लिए अपनी तैयारी शुरू करने का भी आग्रह किया।
