LPG गैस Crisis के दौरान महाराष्ट्र सरकार का बड़ा फैसला सामने आया है। इसके मुताबिक गैस पाइपलाइन (PNG) के लिए एनओसी (NOC) की जरूरत खत्म, साथ ही अर्जी करने पर 24 घंटे में मंजूरी मिलेगी। वैश्विक राजनीतिक गतिविधियों के कारण एलपीजी (LPG) की आपूर्ति में आ रही बाधाओं को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) नेटवर्क के विस्तार को युद्धस्तर पर पूरा करने का आदेश दिया है
PNG के लिए NOC की जरूरत खत्म
महाराष्ट्र कैबिनेट के निर्णय के अनुसार, पाइपलाइन के लिए लंबित सभी अनुमतियों को अब 'मंजूर' (Deemed Approved) माना जाएगा और नए आवेदनों को 24 घंटे के भीतर मंजूरी दी जाएगी..काम में तेजी लाने के लिए सड़क मरम्मत शुल्क माफ कर दिया गया है और कंपनियों को 24 घंटे काम करने की अनुमति दी गई है
इसके अलावा, अब अग्निशमन विभाग या ट्रैफिक पुलिस से एनओसी (NOC) लेने की आवश्यकता नहीं होगी, क्योंकि सभी नियमों और शर्तों को शिथिल कर दिया गया है।
यह आदेश 30 जून 2026 तक प्रभावी रहेगा
पीएनजी (PNG) को अब पानी और बिजली की तरह ही 'अत्यावश्यक सेवा' माना जाएगा। घरेलू उपयोग को प्राथमिकता देते हुए होटल, स्कूल, अस्पताल, सामुदायिक रसोई और हॉस्टलों को कमर्शियल दरों पर 50 प्रतिशत आपूर्ति की जाएगी। इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी के लिए राशनिंग नियंत्रक और नागरिक आपूर्ति निदेशक को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। यह आदेश 30 जून 2026 तक प्रभावी रहेगा।
'पैनिक में आकर फ्यूल की खरीदारी न करें'
वहीं इससे पहले पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के चलते दुनियाभर में गहराए गैस और तेल संकट के बीच भारत सरकार ने बुधवार को एक बार फिर साफ किया कि देश में पेट्रोल-डीजल की कमी नहीं है। ऐसे में पैनिक में आकर खरीदारी करने से बचें। सरकार ने बताया कि हमारे पास पर्याप्त मात्रा में पेट्रोल-डीजल मौजूद है। इस दौरान, सरकार ने देशवासियों से अपील की कि वह पैनिक में आकर फ्यूल की खरीदारी न करें। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव (मार्केटिंग और तेल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए बताया कि घरेलू बाजार में एटीएफ (एविएशन टरबाइन फ्यूल) और डीजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए भारत सरकार ने निर्यात शुल्क (एक्सपोर्ट लेवी) लगाया है। देश में पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त मात्रा उपलब्ध है। मैं सभी से अपील करती हूं कि घबराकर खरीदारी से बचें।
