महाराष्ट्र आईएसआईएस (ISIS) मॉड्यूल केस की जांच कर रही राष्ट्रीय जांच एजेंसी यानी NIA ने बड़ा खुलासा किया है, अपने आरोप पत्र में एनआईए ने गिरफ्तार आरोपियों द्वारा देश में इस्लामिक संगठन को स्थापित करने की कोशिशों की जानकारी दी है। इसमें सामने आया है कि आतंकी देश के कई राज्यों में सिलसिलेवार धमाकों की प्लानिंग कर रहे थे।
प्रतीकात्मक फोटो
कहा जा रहा है कि मुंबई में आतंक की पूरी पाठशाला चल रही थी, यहां आतंकियों ने लैब बना रखी थी और इसमें बने बम जंगल में टेस्ट किए जाते थे आतंकी गतविधियों से जुड़े ये सभी लोग मल्टीनेशनल कंपनियों से जुड़े थे, जिन्हें मोटी सैलरी मिलती थी, इससे ही वो ISIS मॉड्यूल को मजबूत कर रहे थे।
आरोपी पडघा बोरीवली गांव को मुल्क शाम यानी ग्रेटर सीरिया मानते थे
एनआईए ने महाराष्ट्र आईएसआईएस मॉड्यूल केस में ताबिश के साथ जिन छह आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया है, वे साल 2015 से एक-दूसरे के संपर्क में आना शुरू हुए थे। एनआईए का दावा है कि गिरफ्तार आरोपी पडघा बोरीवली गांव को मुल्क शाम यानी ग्रेटर सीरिया मानते थे, बताते हैं कि वहां 95 फीसदी मुस्लिम रहते हैं।
