केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन को अगले पांच साल तक जारी रखने की मंजूरी दे दी। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने पत्रकारों को मंत्रिमंडल बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी देते हुए कहा कि मिशन ने पिछले 10 वर्षों में ऐतिहासिक लक्ष्य हासिल किए हैं, कैबिनेट की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने इसकी जानकारी दी।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अगले 5 सालों तक रहेगा जारी
गोयल ने बताया कि 2021 से 2022 के बीच लगभग 12 लाख स्वास्थ्य कर्मी राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) से जुड़े और भारत ने एनएचएम के तहत कोविड-19 महामारी के खिलाफ डटकर लड़ाई लड़ी।
कच्चे जूट के MSP को बढ़ाकर 5,650 रुपये प्रति क्विंटल किया
वहीं केंद्रीय मंत्रिमंडल ने विपणन सत्र 2025-26 के लिए कच्चे जूट के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) को बढ़ाकर 5,650 रुपये प्रति क्विंटल करने की बुधवार को मंजूरी दे दी।यह कच्चे जूट के पिछले एमएसपी से 315 रुपये प्रति क्विंटल यानी छह प्रतिशत अधिक है।प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में यह फैसला किया गया। बैठक के बाद वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने यह जानकारी दी।
गोयल ने कहा कि नया एमएसपी अखिल भारतीय भारित औसत उत्पादन लागत पर 66.8 प्रतिशत रिटर्न को सुनिश्चित करता है जिससे जूट उत्पादकों को लाभ होगा। सरकार ने कच्चे जूट पर एमएसपी को 2014-15 के 2,400 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 2025-26 विपणन सत्र के लिए 5,650 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है, जो 2.35 गुना वृद्धि है।
