Rain in India: भारत के मौसम को लेकर तमाम अनुमान लगाए जाते हैं और कई भविष्यवाणियां की जाती हैं, कई दफा ये सही भी साबित होती हैं तो कई बार गलत भी, इस साल भी मौसम को लेकर पूर्वानुमान सामने आ रहे हैं और देश में बारिश को लेकर संभावनाएं जताई जा रही हैं, स्काईमेट वेदर (Skymate Weather) की मानें तो इस साल सामान्य से कम बारिश का अनुमान है।
मॉनसून को लेकर तमाम दावे सामने आ रहे हैं,
वहीं भारतीय मौसम विभाग (IMD) की मानें तो उसके मुताबिक मॉनसून इस साल सामान्य रहेगा वैसे मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, इस बार केरल में मॉनसून देर से दस्तक देगा।
'साउथ एशियन सीजनल क्लाइमेट आउटलुक फोरम' (SASCOAF) के अनुसार मानसून के दौरान भारत की लगभग 18.6 प्रतिशत आबादी को सामान्य से कम बारिश का सामना करना पड़ सकता है। एसएएससीओएफ ने यह भी कहा है कि भारत में कुल 12.7 प्रतिशत लोगों को सामान्य से अधिक बारिश का सामना करना पड़ सकता है।
यहां सामान्य से कम बारिश होने की संभावना
'साउथ एशियन सीजनल क्लाइमेट आउटलुक फोरम' ने अपने विश्लेषण के आधार पर संभावना जताई है कि उत्तर भारत में सामान्य से कम बारिश होने की 52 प्रतिशत संभावना है, वहीं, देश के मध्य भागों में सामान्य से कम वर्षा की 40 प्रतिशत संभावना है। बीते सालों के डेटा का विश्लेषण करके और वर्तमान जलवायु स्थितियों की निगरानी के बाद एसएएससीओएफ ने यह संभावना जताई है।
दक्षिणी और पूर्वी भागों में मानसून के दौरान की वर्षा को लेकर संभावना
वहीं भारत के दक्षिणी और पूर्वी भागों में मानसून के दौरान की वर्षा को लेकर भी संभावना जताई है, एसएएससीओएफ ने कहा है कि देश के इन भागों में सामान्य से अधिक बारिश होने का 50 प्रतिशत अनुमान है गौर हो कि साल 2022 में उत्तर-मध्य भारत के किसानों को सूखे की स्थिति का सामना करना पड़ा था और उत्तर प्रदेश के तकरीबन 62 जिलों में सूखे की स्थिति देखी गई थी।
