केंद्र की मोदी सरकार ने आंतक और आतंकवादियों पर एक बार फिर से कड़ा प्रहार किया है। मोदी सरकार ने कश्मीर में सक्रिय द रेजिस्टेंस फोर्स ( The Resistance Front) को आतंकी संगठन घोषित कर दिया है। इस संगठन पर आरोप है कि ये कश्मीर में आतंकी हमलों में शामिल रहा है और लश्कर का प्रॉक्सी है।
टीआरएफ को सरकार ने घोषित किया आतंकी संगठन
क्या लिया गया है फैसला
गृह मंत्रालय ने गुरुवार को यह फैसला लिया है। इस संगठन के बारे में जम्मू-कश्मीर पुलिस का कहना है कि यह पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा का एक "आतंकवादी" संगठन है। टीआरएफ पर आरोप है कि यह आतंकवादी गतिविधियों को आगे बढ़ाने के लिए ऑनलाइन माध्यम से युवाओं की भर्ती कर रहा है और यह आतंकी गतिविधियों पर प्रचार करने में शामिल रहा है।
आदेश में क्या कहा गया है
आदेश में कहा गया है कि टीआरएफ आतंकवादियों की भर्ती, आतंकवादियों की घुसपैठ और पाकिस्तान से जम्मू-कश्मीर में हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी में शामिल रहा है। आदेश में कहा गया है- "टीआरएफ जम्मू-कश्मीर के लोगों को भारतीय राज्य के खिलाफ आतंकवादी संगठनों में शामिल होने के लिए उकसाने के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर शामिल है। शेख सज्जाद गुल टीआरएफ का कमांडर है और उन्हें उक्त अधिनियम की चौथी अनुसूची के तहत आतंकवादी के रूप में नामित किया गया है।"
Ministry of Home Affairs today declared The Resistance Front (TRF)-an offshoot of Pakistan-based proscribed terror… t.co/8TwLVY0lM4
— ANI (@ANI) Jan 5, 2023
इसमें यह भी कहा कि टीआरएफ की गतिविधियां भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और संप्रभुता के लिए हानिकारक हैं, क्योंकि इस संगठन के सदस्यों और सहयोगियों के खिलाफ बड़ी संख्या में मामले दर्ज किए गए हैं। यह संगठन 2019 में प्रतिबंधित संगठन लश्कर के प्रॉक्सी के रूप में सामने आया था। लश्कर की जगह भारत में यह काम कर रहा था। लश्कर 26/11 के मुंबई आतंकवादी हमलों सहित कई आतंकी गतिविधियों में शामिल था।
