Murshidabad Violence: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गुरुवार को बड़ा ऐलान किया कि वह हिंसाग्रस्त मुर्शिदाबाद का दौरा करेंगी। बता दें कि राज्य सरकार ने मुर्शिदाबाद हिंसा की जांच के लिए एक नौ सदस्यीय विशेष जांच टीम (SIT) गठित की गई है जिसमें आईबी, एसटीएफ और सीआईडी के अधिकारी शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (फोटो साभार: @MamataOfficial)
CM बनर्जी ने क्या कुछ कहा
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गुरुवार को बड़ा ऐलान किया कि राज्य सरकार पीड़ितों के घर बनाएगी। साथ ही उन्होंने मुर्शिदाबाद का कल दौरा करने की बात कही। उन्होंने कहा, ''मैं मुर्शिदाबाद जाऊंगी। मुर्शिदाबाद में हिंसा की जांच के लिए एक एसआईटी का गठन किया गया है। राज्य सरकार पीड़ितों के लिए घर बनाएगी। प्रशासन मुर्शिदाबाद के लोगों का विश्वास बहाल करने की कोशिश कर रहा है।"
राज्यपाल भी करेंगे मुर्शिदाबाद का दौरा
बकौल एजेंसी, राज्यपाल सीवी आनंद बोस शुक्रवार को मुर्शिदाबाद का दौरा करेंगे। राजभवन ने बताया कि बोस के हिंसा प्रभावित लोगों से मिलने, स्थिति का जायजा लेने और जिला अधिकारियों तथा पुलिस अधिकारियों के साथ चर्चा करने की उम्मीद है। राज्यपाल के अलावा मुख्यमंत्री ममता भी मुर्शिदाबाद जाने वाली हैं, लेकिन अबतक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि मुख्यमंत्री ममता मुर्शिदाबाद का दौरा आखिर किस दिन करेंगी।
मुर्शिदाबाद में अब कैसे हैं हालात?
बंगाल सरकार ने हाई कोर्ट में एक रिपोर्ट दाखिल कर मुर्शिदाबाद की स्थिति की जानकारी दी और दावा किया कि हिंसा प्रभावित मुर्शिदाबाद जिले में कानून एवं व्यवस्था की स्थिति नियंत्रण में है। राज्य सरकार ने अदालत के समक्ष यह भी कहा कि जिले में हिंसा को रोकने के लिए पुलिस और प्रशासन द्वारा पर्याप्त कदम उठाए गए हैं। दरअसल, न्यायमूर्ति सौमेन सेन और न्यायमूर्ति राजा बसु चौधरी की खंडपीठ राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी की उस याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें उन्होंने दावा किया था कि मुस्लिम बहुल जिले में सांप्रदायिक दंगों के दौरान बम विस्फोट हुए थे।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष का DGP कार्यालय के बाहर धरना
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने बुधवार को कुछ लोगों के साथ कोलकाता में पुलिस महानिदेशक (DGP) कार्यालय के बाहर धरना दिया था। उन्होंने पीड़ितों के उनकी चिंताएं व्यक्त करने के लिए शीर्ष पुलिस अधिकारी से मुलाकात की मांग की थी। उन्होंने मुस्लिम बहुल जिले में सांप्रदायिक दंगे भड़काने की साजिश रचने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।
