Dharmendra Kashyap Joins SP: यूपी में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी को बड़ा झटका लगा है। भारतीय जनता पार्टी के पूर्व सांसद धर्मेंद्र कश्यप ने भाजपा छोड़कर समाजवादी पार्टी का दामन थाम लिया है। उन्होंने लखनऊ में सपा प्रमुख अखिलेश यादव से मुलाकात की। इस मुलाकात की तस्वीर उनकी बेटी कीर्ति कश्यप ने सोशल मीडिया पर साझा की, जिसके बाद से यह फोटो तेजी से वायरल हो रही है। अखिलेश यादव से मुलाकात के दौरान सपा के पूर्व मंत्री भगवत शरण गंगवार भी उनके साथ मौजूद रहे।
बीजेपी छोड़ सपा में शामिल हुए धर्मेंद्र कश्यप (फोटो साभार- TNN)
भाजपा से इस्तीफा देकर सपा में हुए शामिल
धर्मेंद्र कश्यप ने कुछ दिन पहले ही भाजपा से इस्तीफा दिया था। इस्तीफा देते वक्त उन्होंने पार्टी पर पिछड़े और अति पिछड़े वर्ग को उचित सम्मान न देने का आरोप लगाया था। सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए उन्होंने अपनी नाराजगी जाहिर की थी। भाजपा छोड़ने के बाद धर्मेंद्र कश्यप ने कहा था कि पार्टी में उनका दम घुट रहा था और उन्हें वह सम्मान नहीं मिल रहा था जिसके वे हकदार थे। उन्होंने यह भी कहा था कि जिन्होंने उन्हें चुनाव में हरवाया, पार्टी ने उन्हीं लोगों को बड़ा पद दे दिया।
बेटी को सपा से चुनाव लड़वाने का किया ऐलान
इसके साथ ही उन्होंने ऐलान किया था कि वे अपनी बेटी कीर्ति कश्यप को बिथरी चैनपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़वाएंगे और पूरी ताकत से उनका समर्थन करेंगे। उन्होंने दावा किया कि इस्तीफे के बाद भाजपा के कई वरिष्ठ नेताओं ने उनसे संपर्क कर मनाने की कोशिश की, लेकिन वे अपने फैसले पर कायम रहे। धर्मेंद्र कश्यप बरेली में भाजपा के बड़े चेहरों में गिने जाते थे। उन्होंने 2014 और 2019 में आंवला लोकसभा सीट से भाजपा के टिकट पर जीत हासिल की थी।
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सपा-बसपा और बीजेपी में रह चुके हैं कश्यप
इससे पहले वे विधानसभा में भी प्रतिनिधित्व कर चुके हैं और मुलायम सिंह यादव की सरकार में उन्हें दर्जा प्राप्त मंत्री की जिम्मेदारी भी मिली थी। उनके राजनीतिक सफर की शुरुआत बहुजन समाज पार्टी से हुई थी। 2002 में उन्होंने बसपा के टिकट पर बिथरी चैनपुर से जीत दर्ज की थी। बाद में वे सपा में आ गए और 2007 में सपा के टिकट पर विधायक बने। इसके बाद वे भाजपा में शामिल हो गए थे। अब एक बार फिर वे सपा में लौट आए हैं। उनके इस कदम से बिथरी चैनपुर सीट पर सियासी समीकरण बदलने की चर्चा तेज हो गई है।
