ED questioned Sonu Sood: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बुधवार को बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद का बयान दर्ज कर रही है। मामला गैरकानूनी ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप 1xBet के प्रचार-प्रसार से जुड़ा हुआ है। इससे पहले इस मामले में ईडी ने पूर्व क्रिकेटर रॉबिन उथप्पा, युवराज सिंह और एक्ट्रेस अन्वेषी जैन, अंजली अरोड़ा से भी पूछताछ की थी।
बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद से की ED ने पूछताछ। फोटो-PTI
युवराज सिंग से भी की गई पूछताछ
बीते दिन पूर्व क्रिकेटर युवराज सिंह और एक्ट्रेस अन्वेषी जैन से करीब 7 घंटे की पूछताछ की गई। सोनू सूद का नाम लंबे समय से सुर्खियों में रहा है। कोरोना महामारी के दौरान उनकी मदद से लाखों लोग लाभान्वित हुए थे। उनकी संस्था सूद चैरिटी फाउंडेशन को इस साल जनवरी में गृह मंत्रालय ने FCRA (विदेशी चंदा विनियमन अधिनियम) का लाइसेंस भी दिया है, जिससे संस्था को विदेश से चंदा लेने की अनुमति मिली है। यह संस्था शिक्षा, अर्थव्यवस्था और सामाजिक कार्यों के क्षेत्र में काम कर रही है।
सोनू सूद पर पहले भी उठे सवाल
हालांकि, सोनू सूद पर पहले भी सवाल उठ चुके हैं। सितंबर 2021 में आयकर विभाग ने उनके कई ठिकानों पर छापेमारी की थी। विभाग ने तब यह आरोप लगाया था कि अभिनेता ने करीब 20 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी की और फर्जी कंपनियों के जरिए पैसा घुमाया। साथ ही उन पर एफसीआरए नियमों का उल्लंघन कर चंदा जुटाने का भी आरोप लगा था, हालांकि सोनू सूद ने सभी आरोपों को खारिज कर दिया था।
ईडी की जांच में क्या निकला?
ईडी की जांच में सामने आया है कि कई बड़े क्रिकेटर और फिल्मी सितारों ने इन गैरकानूनी ऐप्स जैसे 1xBet, FairPlay, Parimatch, Lotus365 का प्रचार किया है। इन ऐप्स पर बैन होने के बावजूद इन्हें बढ़ावा दिया गया। अधिकारियों के मुताबिक, 'सिर्फ 2025 के पहले तीन महीनों में ही 1.6 अरब से ज्यादा विजिट इन वेबसाइट्स पर दर्ज किए गए। भारत का ऑनलाइन सट्टेबाजी बाजार अब 100 अरब डॉलर से भी अधिक का हो चुका है और हर साल 30% की रफ्तार से बढ़ रहा है।'
Viacom को 100 करोड़ रुपये का नुकसान
सोमवार को ईडी ने FairPlay मामले में 307 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियां जब्त कीं, जिनमें दुबई में बैंक बैलेंस, जमीन, विला और फ्लैट शामिल हैं। इस केस में अब तक 651 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच की जा चुकी है। मामला मुंबई पुलिस की उस एफआईआर से जुड़ा है जिसमें कहा गया था कि Viacom को 100 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।
ईडी की जांच से यह साफ हो रहा है कि गैरकानूनी सट्टेबाजी ऐप्स का कारोबार भारत में तेजी से फैल रहा है और कई बड़े चेहरे इसके प्रचार में शामिल रहे हैं।
