चीन को विदेश मंत्री एस जयशंकर की दो टूक, रिकॉर्ड साफ, कौन करता है Loc का उल्लंघन

  • Authored by: ललित राय
  • Updated Jan 3, 2023, 12:37 PM IST

विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने कहा कि चीन से सटे सरहदी इलाकों में समझौतों का उल्लंघन किस पक्ष की तरफ से किया गया है, पूरी तरह से रिकॉर्ड पर है। लाइन ऑफ कंट्रोल पर भी जो बदलाव किया गया वो एकतरफा था।

चीन की चालबाजी किसी से छिपी नहीं है। कभी गलवान में घुसपैठ की कोशिश (china infiltration in galwan), कभी उत्तराखंड के सरहदी इलाकों में दाखिल होने की कोशिश को कभी अरुणाचल के तवांग में हिमाकत। यह बात अलग है कि चीन की सभी चालों को भारतीय फौज ने नाकाम किया है। तवांग में जहां हाल ही में घुसपैठ की कोशिश में भारतीय सैनिकों ने चीनी सैनिकों को खदेड़ा था वहां सियाम ब्रिज को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह उद्घाटन करने वाले हैं। इन सबके बीच विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर (dr s jaishankar)ने चीन को खरी खरी सुनाई। इसके साथ ही पाकिस्तान के विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो के मुद्दे पर कहा कि वो कड़े से कड़े शब्दों का इस्तेमाल कर सकते हैं। लेकिन वो अपनी बात तथ्यों के साथ पेश करना चाहेंगे।

dr s jaishankar

डॉ एस जयशंकर, विदेश मंत्री

'चीन से समझौते को तोड़ा है'

एस जयशंकर ने कहा कि हमने कई स्तरों पर सैन्य दबाव को देखा है, जिसका औचित्य नहीं है। आज जब पारदर्शिता है तो रिकॉर्ड बेहद साफ है, आपके पास सैटेलाइट तस्वीरें हैं। अगर आप देखें कि बॉर्डर एरिया में कौन सी फोर्स सबसे पहले आगे बढ़ी। वो सोचते हैं कि रिकॉर्ड सबकुछ कह रहा है। चीन के साथ हमारा समझौता था कि सीमाई इलाकों में दोनों फौजें सेना का इस्तेमाल नहीं करेंगी। अफसोस की बात कि वो मुकर गए और उसी का नतीजा है कि माहौल तनावपूर्ण है। हमारे में एक समझौता और था कि लाइन ऑफ कंट्रोल को एकतरफा नहीं बदलाव करेंगे। लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।

End of Feed