Cyclone Montha Weather Today: चक्रवाती तूफान मोंथा लगातार आगे बढ़ रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने कहा कि दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी और दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी पर बना गहरा दबाव क्षेत्र चक्रवाती तूफान 'मोंथा' में तब्दील हो गया है। रविवार रात 11.30 बजे यह तूफान दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी के ऊपर, चेन्नई से लगभग 640 किलोमीटर पूर्व-दक्षिणपूर्व, काकीनाडा से 710 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व, विशाखापत्तनम से 740 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिणपूर्व और गोपालपुर (ओडिशा) से 860 किलोमीटर दक्षिण में केंद्रित था। 2.30 बजे तूफान पिछले 3 घंटों के दौरान 16 किमी प्रति घंटे की गति से पश्चिम-उत्तरपश्चिम की ओर बढ़ गया और उसी क्षेत्र पर केंद्रित रहा, जो चेन्नई से लगभग 600 किमी पूर्व-दक्षिणपूर्व, काकीनाडा से 680 किमी दक्षिण-दक्षिणपूर्व, विशाखापत्तनम से 710 किमी दक्षिण-दक्षिणपूर्व, पोर्ट ब्लेयर से 790 किमी पश्चिम और ओडिशा के गोपालपुर से 850 किमी दक्षिण में है। जानिए तूफान मोंथा का हर अपडेट।
तूफान मोंथा के लिए अलर्ट जारी (PTI)
आंध्र प्रदेश के 26 में से 23 जिलों के लिए अलर्ट
चक्रवाती तूफान 'मोंथा' के मद्देनजर भारतीय मौसम विभाग ने सोमवार (27 अक्टूबर) को आंध्र प्रदेश के 26 में से 23 जिलों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। जिन जिलों में रेड अलर्ट जारी किया गया है, वे हैं: एसपीएसआर नेल्लोर, प्रकाशम, बापटला, कृष्णा, पश्चिम गोदावरी, डॉ. बी.आर. अम्बेडकर कोनासीमा और काकीनाडा। अनंतपुर, कुरनूल और श्री सत्य साईं को छोड़कर, बाकी जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। सोमवार (27 अक्टूबर) को 'भारी से बहुत भारी बारिश' होने की संभावना है। जिन जिलों में रेड अलर्ट जारी किया गया है, वहां अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना है।
28 अक्टूबर की सुबह तक गंभीर चक्रवाती तूफान बनेगा
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि यह सिस्टम उत्तर-पश्चिम और फिर उत्तर-उत्तर-पश्चिम की दिशा में बढ़ते हुए 28 अक्टूबर की सुबह तक गंभीर चक्रवाती तूफान में परिवर्तित हो सकता है और शाम तक आंध्र प्रदेश तट को पार कर सकता है। इस दौरान हवाओं की गति अधिकतम 100 किलोमीटर प्रति घंटे तक रहने का अनुमान है और कुछ जिलों में भारी से अति भारी वर्षा की संभावना है। राज्य के नागरिक आपूर्ति मंत्री एन. मनोहर ने बताया कि तैयार की गई कार्य योजना में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के स्टॉक, ईंधन आपूर्ति प्रबंधन, धान खरीद संबंधी कदम, राहत शिविरों में भोजन आपूर्ति और चक्रवात के बाद राहत वितरण जैसी सभी जरूरी तैयारियों को शामिल किया गया है। उन्होंने शनिवार देर रात जारी एक आधिकारिक बयान में कहा कि आंध्र प्रदेश सरकार ने मोंथा चक्रवात के प्रभावों से निपटने के लिए विस्तृत कार्रवाई रिपोर्ट तैयार की है, ताकि तूफान आने से पहले सभी तैयारियां सुनिश्चित हो सकें।
पश्चिम बंगाल में भारी बारिश की संभावना
बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव के क्षेत्र ने रविवार को और गहराई हासिल कर ली है और यह धीरे-धीरे पूर्वी तट की ओर बढ़ रहा है। 28 से 31 अक्टूबर तक पश्चिम बंगाल के कई जिलों में भारी बारिश हो सकती है। आईएमडी के बुलेटिन के अनुसार, 27 अक्टूबर से दक्षिण बंगाल के कोलकाता, दक्षिण 24 परगना, पूर्व और पश्चिम मेदिनीपुर, हावड़ा, झारग्राम, पुरुलिया, बांकुड़ा और हुगली जिलों में हल्की से मध्यम बारिश शुरू होगी। 28 से 31 अक्टूबर के बीच दक्षिण बंगाल के कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है। इसके अलावा, 30 और 31 अक्टूबर को उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, जलपाईगुड़ी, कूचबिहार, अलीपुरद्वार, उत्तर दिनाजपुर और मालदा जिलों में भी भारी बारिश हो सकती है।
ओडिशा के 30 जिलों में अलर्ट
इसके साथ ही, ओडिशा सरकार ने राज्य के सभी 30 जिलों में अलर्ट जारी कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, 28 और 29 अक्टूबर को राज्य के विभिन्न हिस्सों में बहुत भारी से अति भारी बारिश होने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मलकानगिरी, कोरापुट, रायगढ़, गजपति और गंजाम जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जबकि अन्य जिलों में येलो और ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है। ओडिशा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने बताया कि राज्य के सभी जिलों में अलर्ट जारी है और बचाव तथा राहत कार्यों के लिए प्रशासनिक तंत्र पूरी तरह तैयार है। दक्षिणी और तटीय क्षेत्रों के सात जिलों में सरकारी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं।
