Coronavirus in India Latest Update in Hindi: देश के विभिन्न राज्यों में वैश्विक महामारी कोरोना वायरस का कातिलाना कमबैक देखने को मिल रहा है। ऐसा इसलिए, क्योंकि सोमवार (10 अप्रैल, 2023) को कुछ सूबों में संक्रमण के चलते कुछ मौतें हो गईं। पंजाब में कोविड से तीन लोगों की जान (फिरोजपुर, रोपड़ और एसएएस नगर में एक-एक) चली गई, जबकि 24 घंटे में सूबे में 85 नए केस सामने आए, जिसके बाद एक्टिव केसों की संख्या बढ़कर 666 रिकॉर्ड की गई। इस बीच, राजस्थान में भी संक्रमण से तीन लोगों (झालावाड़ में दो और बीकानेर में एक) की मौत हो गई, जबकि 197 नए केस सामने आए।
तस्वीर का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है। (फाइल)
दिल्ली में केस बढ़ने की आशंका- हेल्थ मिनिस्टर ने किया आगाह
वहीं, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सौरभ भारद्वाज ने आगाह करते हुए कहा कि शहर में कोरोना के केस आने वाले दिनों में बढ़ने की आशंका है, क्योंकि शहर घनी आबादी वाला है। उन्होंने इसके साथ ही ‘फ्लू’ जैसे लक्षणों वाले लोगों से मास्क पहनने और सार्वजनिक स्थानों पर जाने से बचने को कहा। दरअसल, दिल्ली में एक रोज पहले यानी रविवार (नौ अप्रैल, 2023) को कोविड-19 के 699 मामले सामने आए थे और चार लोगों की मौत हो गई थी। हालांकि, भारद्वाज ने इस बाबत पत्रकारों को बताया कि रविवार को दर्ज की गई तीन मौतें विभिन्न बीमारियों के कारण हुईं, जिन्हें गलती से कोरोना वायरस संक्रमण से होने वाली मौतों में गिन लिया गया था। एक मरीज की मौत का प्राथमिक कारण कोविड-19 था।मुंबई के अस्पतालों में मास्क का उपयोग अनिवार्य
उधर, महाराष्ट्र में पिछले दिन के मुकाबले 50 प्रतिशत से अधिक की गिरावट के साथ कोरोना के 328 नए केस आए, जिससे राज्य में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 81,50,257 हो गई। राज्य स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, मुंबई में संक्रमण से एक मौत हो जाने के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,48,460 हो गई, जबकि लगातार बढ़ रहे कोरोना केसों के मद्देनजर मुंबई के सभी सरकारी अस्पतालों में कर्मचारियों, रोगियों और आगंतुकों के लिए मास्क का उपयोग अनिवार्य कर दिया गया है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका(बीएमसी) ने सोमवार को यह जानकारी दी। वैसे, यह नहीं बताया गया कि अस्पतालों में मास्क कब से अनिवार्य होगा। बीएमसी ने 60 साल से अधिक उम्र के नागरिकों से एहतियात के तौर पर मास्क पहनने की अपील की। हालांकि, यह उनके लिए अनिवार्य नहीं है।काबू में हैं हालात- MP के मंत्री का दावा, जानें इंदौर-भोपाल का अपडेट
इस बीच, मध्य प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने बताया कि राज्य में कोरोना वायरस की स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है, लेकिन फिर भी हमें सतर्क एवं सावधान रहना है, जबकि सूबे के लोक स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी ने दावा किया कि देश में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के मद्देनजर राज्य में स्वास्थ्य सुविधाएं किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं। मंत्री के मुताबिक, राज्य में प्रतिदिन 1.25 लाख से अधिक लोगों की कोविड-19 की जांच की जा सकती है। इंदौर जिले में फिलहाल कोविड-19 के 42 मरीज हैं और पिछले 24 घंटे के दौरान महामारी का एक भी नया मरीज नहीं मिला है। सीएमएचओ ने बताया, ‘‘सभी 42 मरीजों में से किसी भी व्यक्ति में महामारी के गंभीर लक्षण नहीं हैं। वे अपने घरों में पृथक-वास में रहकर इलाज करा रहे हैं।’’ वहीं, स्वास्थ्य अधिकारियों ने भोपाल में बताया कि मध्यप्रदेश में रविवार सुबह तक 170 संक्रमित उपचाराधीन हैं।गुजरात से लेकर गोवा में क्या हैं हालात?
कोविड के बढ़ते मामलों के मद्देनजर गुजरात के अस्पतालों में सोमवार को‘मॉक ड्रिल' हुई। राज्य सरकार के मुताबिक, गुजरात में कोविड संक्रमण का इलाज करा रहे मरीजों की संख्या 2013 है, जबकि गोवा के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे ने सोमवार को कहा कि देश में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के मद्देनजर राज्य में स्वास्थ्य सुविधाएं किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं। मंत्री ने बताया कि गोवा में रोजाना कोविड-19 के लगभग 100 नए मामले सामने आ रहे हैं। हालांकि किसी की मौत नही हुई है और अस्पतालों में भर्ती मरीजों को ऑक्सीजन सहायता की आवश्यकता नहीं है।
