प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अभद्र और अमर्यादित टिप्पणी करने के मामले में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय और निवर्तमान प्रदेश सचिव ब्रजराज सिंह अहिरवार सहित 25 से 30 अज्ञात कांग्रेस समर्थकों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई महोबा शहर कोतवाली में की गई है।
कांग्रेस नेता अजय राय के खिलाफ मुकदमा दर्ज। ANI
यह पूरी कार्रवाई भारतीय जनता पार्टी (BJP) के जिला कार्यसमिति सदस्य नीरज रावत की तहरीर पर हुई है। भाजपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अत्यंत अभद्र और गाली-गलौज वाली भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं। इस वीडियो के सामने आने के बाद से ही भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
बिना अनुमति कार्यक्रम और रास्ता रोकने का भी आरोप
जानकारी के अनुसार, कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय एक नीट (NEET) छात्रा और उसके परिजनों से मुलाकात करने महोबा पहुंचे थे। पुलिस में दर्ज शिकायत के मुताबिक, इस मुलाकात और कार्यक्रम के लिए कांग्रेस नेताओं द्वारा कोई प्रशासनिक इजाजत नहीं ली गई थी। इसके साथ ही उन पर भीड़ इकट्ठा कर आम रास्ता रोकने (चक्काजाम जैसी स्थिति पैदा करने) और कानून व्यवस्था को प्रभावित करने का भी आरोप लगा है।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
महोबा शहर कोतवाली पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कांग्रेस नेताओं और उनके समर्थकों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की निम्नलिखित धाराओं के तहत केस दर्ज किया है:
धारा 126(2): गलत तरीके से रास्ता रोकना (Wrongful Restraint)।
धारा 352: शांति भंग करने के इरादे से जानबूझकर अपमान करना।
धारा 196(1): विभिन्न समूहों के बीच नफरत या शत्रुता को बढ़ावा देना।
धारा 189(2) और धारा 132: सरकारी कार्य में बाधा डालना और गैर-कानूनी रूप से इकट्ठा होना।
पेनड्राइव में लिया गया वायरल वीडियो का साक्ष्य
महोबा पुलिस ने मामले की कानूनी जांच को आगे बढ़ाते हुए सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे विवादित वीडियो को एक पेनड्राइव में साक्ष्य के तौर पर अपने कब्जे में ले लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल साक्ष्यों की तकनीकी जांच की जा रही है और बयान दर्ज करने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस एफआईआर के बाद राज्य में बीजेपी और कांग्रेस के बीच सियासी पारा गरमाना तय माना जा रहा है।
