Delhi Pollution: दिल्ली-एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण के बीच अब ग्रेप-4 लागू करने का फैसला किया गया है। अब दिल्ली में प्रदूषण को रोकने के लिए कई और प्रतिबंध लगाए गए हैं। पहले से ही दिल्ली में निर्माण कार्यों पर रोक लगी हुई है।
दिल्ली में हवा हुई जहरीली!
क्या होगा असर
- दिल्ली में ट्रकों की एंट्री पर रोक लग जाएगी। सिर्फ आवश्यक वस्तुओं को ले जाने वाले या आवश्यक सेवाएं प्रदान करने वाले ट्रकों और सभी सीएनजी, इलेक्ट्रिक ट्रकों को छोड़कर दिल्ली मे ट्रकों की एंट्री बंद हो जाएगी।
- दिल्ली में पंजीकृत डीजल चालित मध्यम माल वाहन (एमजीवी) और भारी माल वाहन (एचजीवी) के दिल्ली में संचालन पर प्रतिबंध लग जाएगा। यहां भी आवश्यक वस्तुओं को ले जाने और आवश्यक सेवाएं प्रदान करने वालों को छूट मिलेगी।
- आवश्यक और आपातकालीन सेवाओं के लिए उपयोग किए जाने वाले बीएस-VI वाहनों को छोड़कर, दिल्ली और दिल्ली की सीमा से लगे एनसीआर के जिलों में 4-व्हीलर डीजल एलएमवीएस के चलने पर प्रतिबंध लग जाएगा।
- दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में राजमार्गों, फ्लाईओवर, बिजली पारेषण तथा पाइपलाइन जैसी विभिन्न सरकारी परियोजनाओं में निर्माण कार्य पर रोक।
- दिल्ली-एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण के बीच केंद्र, राज्य सरकारें अपने कर्मचारियों को घर से काम करने की अनुमति देने का फैसला कर सकती हैं।
- एनसीआर में उन सभी उद्योगों को बंद करने का आदेश दिया गया है जो स्वच्छ ईंधन से संचालित नहीं हो रहे हैं।
- राज्य स्कूलों को बंद करने, गैर-आपातकालीन व्यावसायिक गतिविधियों, वाहनों के लिए ऑड-ईवन योजना पर सरकार निर्णय ले।
हरियाणा और पंजाब में हर साल की तरह इस साल भी दिवाली के पहले से ही किसान पराली जला रहा हैं। किसानों का कहना है कि वो मजबूरी में ऐसा कर रहे हैं, क्योंकि इसके अलावा उनके पास रास्ता नहीं है। वहीं नासा की वेबसाइट पर रियल टाइम डाटा से दोनों राज्यों का हाल साफ-साफ पता चलता है।
हरियाणा-पंजाब में जमकर जल रही पराली
बता दें कि दिल्ली में बुधवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 450 दर्ज किया गया। एक्यूआई अगर 400 से ऊपर हो तो उसे गंभीर माना जाता है और यह स्वस्थ लोगों को प्रभावित कर सकता है। साथ हीमौजूदा बीमारियों से जूझ रहे लोगों को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकता है।
