Biryani Spices: देश में नॉनवेज बिरयानी के साथ वेज बिरयानी की भी खूब धूम है। लेकिन इस बीच तृणमूल कांग्रेस के नेता और राज्य के पूर्व मंत्री रवींद्र नाथ घोष ने पश्चिम बंगाल के कूचबिहार में दो स्थानीय बिरयानी की दुकानों को बंद करवाया है। दरअसल टीएमसी नेता ने आरोप लगाया कि बिरयानी में पड़ने वाले मसालों के कारण पुरुषों की सेक्सुअल ड्राइव में कमी आ रही है।
बिरयानी। (सांकेतिक फोटो)
टीएमसी नेता ने बंगाल में जबरन बंद कराई बिरायानी की दुकानें
ममता बनर्जी की सरकार में मंत्री रह चुके रवींद्र नाथ घोष ने कहा कि कई लोगों की ओर से आरोप लगाया गया है कि बिरयानी बनाने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली सामग्री और मसालों ने पुरुष सेक्स ड्राइव को कम कर दिया है। घोष ने कहा कि पिछले कई दिनों से इलाके के लोगों की शिकायतें आ रही हैं कि उन्हें नहीं पता कि बिरयानी बनाने के लिए कौन से मसालों का इस्तेमाल किया जा रहा है, जो पुरुषों की सेक्सुअल ड्राइव में बाधक हैं।
'बिना लाइसेंस के चल रही थीं बिरयानी की दुकानें'
वहीं कूचबिहार नगरपालिका अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि बिहार और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों के लोग क्षेत्र में बिरयानी बेच रहे थे और दुकानें बिना लाइसेंस के संचालित हो रही थीं। उन्होंने कहा कि सभी शिकायतों के बाद हम यहां आए और पाया कि दुकानों के पास ट्रेड लाइसेंस नहीं था, इसलिए दुकानें बंद कर दी गईं।
बिरयानी को सबसे पहले भारतीय उपमहाद्वीप में मुसलमानों द्वारा बनाया गया था। ये चावल, भारतीय मसालों और आम तौर पर मांस के साथ तैयार किया जाता है, हालांकि इसे कभी-कभी बिना किसी मांस के पकाया जा सकता है। साथ ही कभी-कभी बिरयानी में अंडे और आलू का भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
