Rahul Gandhi News: क्या आप जानते हैं कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी अचानक वाराणसी में अपनी 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा' को बीच में ही छोड़कर कहां चले गए थे? दरअसल, वो एकाएक अपने संसदीय क्षेत्र वायनाड के लिए रवाना हो गए थे। वहां हो रहे लोगों के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए उन्होंने ये कदम उठाया था। आपको बताते हैं कि राहुल ने वहां क्या-क्या किया।
राहुल गांधी अचानक पहुंचे वायनाड।
राहुल ने पीड़ितों को दिया मुआवजा देने का आश्वासन
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं सांसद राहुल गांधी ने केरल के वायनाड में जंगली जानवरों के हमलों में तीन लोगों की मौत पर हिंसक विरोध प्रदर्शन के एक दिन बाद, रविवार को जिले के अधिकारियों के साथ स्थिति का जायजा लिया और उनसे मदद मांगी। राहुल गांधी ने पीड़ितों को बिना किसी देरी के मुआवजा देने का आश्वासन दिया। राहुल गांधी वायनाड से सासंद हैं।
यात्रा को बीच में ही छोड़कर वायनाड पहुंचे थे राहुल गांधी
राहुल गांधी अपने निर्वाचन क्षेत्र में मानव-पशु संघर्ष के समाधान की मांग कर रहे स्थानीय लोगों के उग्र होते विरोध के मद्देनजर वाराणसी में अपनी ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ अचानक बीच में ही छोड़कर वायनाड पहुंचे। कलपेट्टा में जिला अधिकारियों के साथ आकलन बैठक के बाद उन्होंने कहा कि उनका मानव-पशु संघर्ष के मुख्य मुद्दे से भटककर राजनीति करने का इरादा नहीं है।
जंगली जानवरों के हमलों में मृत लोगों के परिजनों से मुलाकात
इससे पहले, राहुल गांधी ने पिछले दो महीने में जंगली जानवरों के हमलों की तीन अलग-अलग घटनाओं में मारे गए अजी, पॉल और प्रजीश के परिवारों से मुलाकात की थी। बैठक का ब्योरा देते हुए गांधी ने कहा कि उन्होंने जिला प्रशासन से मृतकों और घायलों के लिए घोषित विभिन्न मुआवजे तुरंत वितरित करने को कहा है। उन्होंने कहा, 'मेडिकल कॉलेज एक गंभीर मुद्दा है। मैंने आज प्रशासन से कहा कि मुझे समझ नहीं आता कि यहां मेडिकल कॉलेज विकसित करने और बनाने में इतना समय क्यों लग रहा है। यह करना इतना जटिल काम नहीं है। यह एक त्रासदी है, यहां लोग अपनी जान गंवा रहे हैं या घायल हो रहे हैं, इसके बावजूद उनके पास यहां उचित मेडिकल कॉलेज नहीं है।'
केरल के मुख्यमंत्री को कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने लिखा पत्र
वायनाड सांसद ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है और उनसे मेडिकल कॉलेज में सुविधाओं में सुधार के लिए कदम उठाने का फिर से अनुरोध करेंगे। कांग्रेस नेता ने समय पर मुआवजा वितरित करने के महत्व पर जोर दिया। राहुल गांधी ने कहा, 'जब कोई परिवार किसी सदस्य को खो देता है, खासकर गरीब परिवार, तो उन्हें लंबे समय के बाद मुआवजा देना पर्याप्त नहीं है। मुआवजा तुरंत मिलना चाहिए, क्योंकि उन्हें तुरंत पैसे की जरूरत होती है।'
राहुल गांधी ने यह भी कहा कि वह सीधे मुख्यमंत्री को बताना चाहेंगे कि उनके निर्वाचन क्षेत्र के लोग किस दौर से गुजर रहे हैं। वह पीड़ित अजी (42) के घर पर 20 मिनट से अधिक समय तक रुके। अजी को पिछले हफ्ते वायनाड जिले के मननथावाड़ी इलाके में एक रेडियो कॉलर लगे हाथी ने कुचलकर मार डाला था, जिसके बाद बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया था।
अजी के परिजनों से मुलाकात के बाद वह वन विभाग के ‘इको-टूरिज्म गाइड’ पॉल के आवास पर गए और वहां कुछ समय बिताया। पॉल को शुक्रवार को कुरुवा द्वीप के पास एक जंगली हाथी ने मार डाला था। राहुल गांधी हाल ही में बाघ के हमले में मारे गए प्रजीश के घर भी गए। क्षेत्र में जंगली जानवरों के बढ़ते हमलों के विरोध में विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा शनिवार को की गई हड़ताल के दौरान यहां हिंसा देखने को मिली थी।
