Covid 19 Prepration in UP: उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक का दावा है कि कोरोना के नए वेरिएंट से निपटने के लिए राज्य सरकार का स्वास्थ्य महकमा पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने कहा कि सारी व्यवस्था चुस्त-दुरुस्त है। प्रदेश के सभी अस्पतालों का मॉकड्रिल किया गया है।
आईएएनएस से एक विशेष वार्ता में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि चीन समेत दुनिया के कुछ देशों में फिर से बढ़ते कोरोना के खतरे को देखते हुए उप्र सरकार पूरी तरह सतर्क हो गई है। प्रदेश के सभी अस्पतालों में मॉक ड्रिल करके तैयारियों को पुख्ता कर दिया गया है। सभी ऑक्सीजन प्लांट, वेंटीलेटर ठीक हैं। इसके साथ ही पाइप लाईन में ऑक्सीजन का प्रवाह भी ठीक है। सभी जगह स्टॉफ इससे निपटने के लिए तैयार है।
एक सवाल के जवाब में उप मुख्यमंत्री ने कहा कि हालांकि प्रदेश में अभी पैनिक की स्थिति नहीं है। विशेषज्ञ भी कह रहे हैं कि अभी किसी को परेशान होने की जरूरत नहीं है। फिर भी केंद्र सरकार की गाइड लाईन का हम पालन कर रहे हैं। भीड़ भाड़ वाले इलाकों में मास्क अनिवार्य किया गया है। एक मरीज आगरा में मिला है जो चीन से यात्रा करके आया है। उसकी जीनोम टेस्टिंग के लिए सैंपल भेजा गया है। मरीज अपने घर पर है, पूर्ण स्वस्थ्य है।
उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग के ही प्रभारी हैं। अस्पतालों की व्यवस्था को परखने के लिए अक्सर छापेमारी करने के कारण वह चर्चा में भी रहते हैं। इस बाबत पूछने पर कहते हैं कि औचक निरीक्षण करने से स्वास्थ्य विभाग में लगातार सुधार हो रहा है। जहां कुछ कमियां मिलती हैं उसे ठीक करने का प्रयास हो रहा है।
दवाइयों की उपलब्धता और कुछ दवाइयों की मोनोपोली के बारे में पूछने पर पाठक ने कहा कि सरकारी अस्पतालों में दवा की कोई कमी नहीं है। सभी दवा हर जगह मिल रही है। अभी तक कोई समस्या देखने को नहीं मिली है। दवा हर गरीबों को सस्ते रेट पर मिले इसके लिए प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र भी जगह जगह खोले गए हैं।
ट्रामा सेंटर में बढ़ रही भीड़ को काबू करने के सवाल पर उप मुख्यमंत्री ने कहा कि गंभीर रूप से घायल और एक्सीडेंटल केसेज के मरीज ट्रामा सेंटर में आते हैं। उनका इलाज हो रहा है। किसी को यहां से वापस नहीं किया जाता है। इसके अतरिक्त यहां पर बोझ न बढ़े इसके लिए जिले में अस्पतालों को उच्चीकृत किया जा रहा हैं। जिले के अस्पतालों में भी ट्रामा सेंटर खोले जा रहे हैं। जल्द ही यह व्यवस्था और ठीक हो जाएगी।
एक दूसरे सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि अभी प्रदेश के 65 जनपदों में मेडिकल कालेज काम कर रहे हैं। मात्र 14 जनपद शेष है जहां कॉलेज बनाने हैं। प्राइवेट अस्पतालों में मनमाने ढंग से पैसे वासूली पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि गैर पंजीकृत अस्पतालों पर नकेल कसी जा रही। काफी मात्रा में बंद किए गए हैं। निर्धारित रेट से ऊपर दाम लेने वालों पर भी करवाई हो रही है। प्रदेश में बहुत सारी निजी पैथोलॉजी खुल रही हैं इनके मानक पर चलाए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि सभी प्राइवेट पैथोलॉजी मानक के आधार पर चल रही हैं। जो मानक के विपरीत हैं उन पर करवाई हो रही है। कोई रेट बढ़ा कर नहीं ले सकता है। सभी को निर्धारित रेट पर ही जांच करनी होगी।
