Breast Cancer: आजकल जिंदगी इतनी भागदौड़ भरी हो गई है कि हम अपने शरीर की तरफ ध्यान ही नहीं दे पाते। वहीं आजकल की औरतें तो सबसे ज्यादा व्यस्त रहती हैं। वे घर संभालने से, बच्चे और दफ्तर तक सबका पूरा ख्याल रखती हैं और अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभाती हैं, मगर खुद के लिए वक्त नहीं निकाल पातीं। नतीजा ये होता है कि जब तक कोई बड़ी बीमारी पकड़ में आती है, तब तक बहुत देर हो चुकी होती है।
ब्रेस्ट कैंसर
ब्रेस्ट कैंसर भी ऐसी ही एक बीमारी है। पहले लोग सोचते थे कि ये सिर्फ अनुवांशिक यानी परिवार से जुड़ी बीमारी है, लेकिन अब डॉक्टर मानते हैं कि हमारी लाइफस्टाइल यानी जीने का तरीका भी इसे बढ़ाता है। हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो मोटापा, शराब पीना और स्मोकिंग - ये तीन आदतें शरीर में ऐसे बदलाव लाती हैं जो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा कई गुना बढ़ा देती हैं।
मोटापा
सीके बिड़ला हॉस्पिटल दिल्ली के कैंसर विशेषज्ञ डॉ. मनदीप सिंह मल्होत्रा की मानें तो 'कई लोग सोचते हैं कि थोड़ा मोटापा कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन यही चर्बी धीरे-धीरे बीमारी की जड़ बन सकती है। हमारे शरीर में फैट सिर्फ वजन नहीं बढ़ाता, बल्कि एस्ट्रोजन नाम का हार्मोन भी बनाता है। जब यह हार्मोन जरूरत से ज्यादा बनने लगता है, तो ब्रेस्ट की कोशिकाएं अनियंत्रित तरीके से बढ़ने लगती हैं, जिससे कैंसर का खतरा बढ़ जाता है।
इसके अलावा, शरीर में ज्यादा चर्बी से पूरी बॉडी में हल्की-हल्की सूजन बनी रहती है। यह सूजन अंदर ही अंदर कैंसर सेल्स को बढ़ने में मदद करती है। अगर किसी महिला का वज़न बहुत ज़्यादा है, तो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा भी दूसरों की तुलना में 20-40% तक बढ़ जाता है।'
शराब
रोज़वॉक बाय रेनबो हॉस्पिटल, दिल्ली की कंसल्टेंट ब्रेस्ट कैंसर सर्जन डॉ. शेफाली अग्रवाल बताती हैं 'कई लोग कहते हैं थोड़ी-सी शराब से क्या फर्क पड़ता है?, लेकिन डॉक्टरों का कहना है कि फर्क पड़ता है, बल्कि बहुत ज़्यादा ही। असल में शराब शरीर में एस्ट्रोजन हार्मोन का स्तर बढ़ा देती है और कोशिकाओं के DNA को नुकसान पहुंचाती है।
जब शराब शरीर में टूटती है, तो उसमें से जहरीले पदार्थ बनते हैं जो ब्रेस्ट सेल्स को कमजोर कर देते हैं। अगर कोई महिला रोज सिर्फ एक पैग शराब भी पीती है, तो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा लगभग 10% तक बढ़ जाता है। जितनी ज्यादा शराब, उतना ज्यादा नुकसान - यह एक सीधा संबंध है।'
स्मोकिंग
सिगरेट का धुआं सिर्फ सांसों में नहीं जाता, वो शरीर की हर कोशिका को प्रभावित करता है। डॉ. मनदीप बताते हैं कि सिगरेट में ऐसे केमिकल होते हैं जो ब्रेस्ट के ऊतकों को सीधा नुकसान पहुंचाते हैं। खास बात ये है कि अगर कोई महिला बहुत कम उम्र से स्मोकिंग शुरू करती है, तो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा और बढ़ जाता है।
स्मोकिंग खून को गाढ़ा करती है, शरीर की हीलिंग क्षमता घटाती है और इलाज के असर को भी कम कर देती है। यानी अगर कोई महिला स्मोकिंग करती है, तो न सिर्फ कैंसर का खतरा बढ़ता है बल्कि अगर बीमारी हो जाए तो उसका इलाज भी कठिन हो जाता है।
तीनों मिलकर बढ़ा देते हैं खतरे को कई गुना
मोटापा, शराब और स्मोकिंग तीनों ही अपने-आप में ब्रेस्ट कैंसर का खतरा बढ़ाते हैं। लेकिन अगर किसी महिला में ये तीनों एक साथ हों, तो खतरा कई गुना बढ़ जाता है। ऐसे मामलों में कैंसर जल्दी फैलता है, इलाज कठिन होता है और रिकवरी में भी समय ज्यादा लगता है। कई बार इलाज के बाद कैंसर दोबारा लौट आता है। इसलिए जितनी जल्दी इन आदतों से दूरी बनाई जाए, उतना बेहतर है।
ऐसे में ब्रेस्ट कैंसर से बचाव के लिए क्या है रास्ता
डॉ. शेफाली कहती हैं कि थोड़ी सी सावधानी रखी जाए तो ब्रेस्ट कैंसर से खुद को बचाया जा सकता है। कुछ सरल टिप्स को फॉलो करके आप काफी हद तक इस गंभीर कैंसर के खतरे को कम कर सकते हैं। यहां कुछ आसान बातें हैं जो हर महिला को अपनानी चाहिए,
- वजन कंट्रोल रखें: इसके लिए रोज थोड़ा चलें, सीढ़ियां चढ़ें, हल्की एक्सरसाइज करें।
- शराब और सिगरेट से दूरी रखें: शुरुआत में मुश्किल लगेगी, पर धीरे-धीरे आदत छूट जाती है।
- फल और हरी सब्जियां जरूर खाएं: इनमें ऐसे तत्व होते हैं जो शरीर को बीमारियों से लड़ने में मदद करते हैं।
- तनाव कम करें: स्ट्रेस से हार्मोन बिगड़ते हैं, जो कैंसर को बढ़ा सकते हैं।
- नियमित जांच कराएं: महीने में एक बार खुद ब्रेस्ट की जांच करें और साल में एक बार डॉक्टर से मिलें।
अपनी सेहत को प्राथमिकता दें
हर औरत दूसरों की फिक्र में खुद को भूल जाती है। लेकिन याद रखिए, अगर आप ठीक रहेंगी, तभी आपका परिवार भी ठीक रहेगा। ब्रेस्ट कैंसर कोई अचानक आने वाली बीमारी नहीं है। ये हमारी छोटी-छोटी लापरवाहियों से धीरे-धीरे पनपती है। अगर आज से ही हम अपनी आदतें सुधार लें, तो इस बीमारी को रोका जा सकता है। वजन कंट्रोल करें, शराब और स्मोकिंग छोड़ें, हेल्दी खाना खाएं और अपने शरीर को समय दें। थोड़ी सी सजगता आपकी जिंदगी को लंबी और स्वस्थ बना सकती है।
