Health Tips in Hindi: अल्जाइमर रोग न्यूरोलॉजिकल डिजीज में से एक है। इसमें मस्तिष्क की कोशिकाएं कम होने लगती हैं। इससे चीजों को याद रखने और भूलने की दर धीरे-धीरे इतनी बढ़ जाती है कि संबंधित व्यक्ति घर के लोगों के चेहरे भी भूलने लगता है। इस बीमारी के गंभीर लक्षण बुढ़ापे में दिखाई देने लगते हैं। हालांकि, शोध के अनुसार, इस बीमारी के लक्षण कम उम्र में भी महसूस किए जा सकते हैं। अल्जाइमर रोग आपकी लाइफस्टाइल और परिवार को प्रभावित कर सकता है।
Health Tips: लोगों को अल्जाइमर कैसे होता है? (Image: Canva)
विशेषज्ञों के अनुसार, मस्तिष्क में अल्जाइमर रोग की शुरुआत के लगभग 10 साल बाद अल्जाइमर के लक्षण दिखाई देने लगते हैं। साथ ही, यह अनुमान लगाया गया है कि 65 वर्ष की आयु के बाद 20 प्रतिशत लोगों में अल्जाइमर विकसित होने की संभावना होती है। अल्जाइमर का अभी तक कोई प्रभावी इलाज और दवा नहीं है। इसीलिए इस बीमारी को लाइलाज माना जाता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने चेतावनी जारी की है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, 2050 तक अल्जाइमर के रोगियों की संख्या तीन गुना हो जाएगी। शोधकर्ताओं के अनुसार, उम्र, जेनेटिक और जीवनशैली में बदलाव से अल्जाइमर विकसित होने का खतरा बढ़ सकता है। वैज्ञानिकों के अनुसार, यह दावा किया गया है कि रुक-रुक कर उपवास करने से अल्जाइमर को रोकने में मदद मिल सकती है। शोधकर्ताओं ने इसके लिए चूहों पर एक प्रयोग किया। चूहों के मस्तिष्क की कोशिकाओं का अध्ययन करने के बाद उन्होंने पाया कि उन्हें 48 घंटों तक कुछ भी नहीं खिलाया गया। उनके मस्तिष्क की कोशिकाओं की जांच करने पर पता चला कि मस्तिष्क की कोशिकाएं सुरक्षित हैं।
सीधे शब्दों में कहें तो अल्जाइमर रोग भूलने की बीमारी की ओर ले जाता है। पहले नाम भूल जाना, फिर रिश्ते भूल जाना, खाना खाना भूल जाना लक्षण बढ़ा देता है। सबसे पहले, यह घर में दूसरों के लिए मजाक का विषय है। जब बीमारी की गंभीरता का पता चलता है तो डॉक्टर के पास भागना पड़ता है। बता दें कि साल 2020 में द लैंसेट में प्रकाशित इंस्टीट्यूट फॉर हेल्थ मेट्रिक्स एंड इवैल्यूएशन (आईएचएमई) के अध्ययन में अनुमान लगाया गया है कि 2050 तक 153 मिलियन लोग अल्जाइमर रोग के साथ जी रहे होंगे।
अल्जाइमर से बचने के लिए क्या करें?
अल्जाइमर से बचाव के लिए कम उम्र में ही सावधानी बरतनी चाहिए। कुछ समाधान हैं नियमित व्यायाम करना, हल्का और सुपाच्य भोजन करना, ताजे फल और सब्जियां खाना और खुश और ऊर्जावान वातावरण बनाए रखना। दरअसल ये उपाय सामान्य स्वास्थ्य को अच्छा रखने के लिए भी बताए जाते हैं। आधुनिक चिकित्सा में अल्जाइमर रोग का कोई प्रभावी इलाज नहीं है।
