अरशद वारसी ने एक पॉडकास्ट में प्रभास को लेकर टिप्पणी की थी। अरशद ने फिल्म 'कल्कि 2898 एडी' को लेकर चर्चा की थी, जिसमें उन्होंने प्रभास के रोल को जोकर बताया था, जिसके बाद सोशल मीडिया पर ये बात आग की तरह फैल गई थी। अब मूवी आर्टिस्ट एसोसिएशन (एमएए) के अध्यक्ष विष्णु मांचू ने वारसी की टिप्पणी पर निराशा व्यक्त की, उन्होंने कहा कि यह अपमानजनक है और तेलुगु फिल्म समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला है।
Arshad Warsi
शब्दों में ताकत होती है
विष्णु मांचू ने मुंबई में सिने एंड टीवी आर्टिस्ट एसोसिएशन (CINETAA) की अध्यक्ष पूनम ढिल्लों को पत्र लिखा है। मांचू ने पत्र में लिखा है कि- "शब्दों में ताकत होती है और वे या तो पुल बना सकते हैं या फिर दरार पैदा कर सकते हैं।" उन्होंने कहा कि वारसी की बातों ने सिनेमा प्रेमियों के भीतर नकारात्मकता पैदा की है। विष्णु मांचू ने ये भी कहा है कि खासकर ऐसे युग में जब सोशल मीडिया किसी भी बयान को तेजी से बढ़ा-चढ़ाकर पेश कर सकता है।
फिल्म जगत एक बड़ा परिवार है
मंचू ने सिने एंड टीवी आर्टिस्ट एसोसिएशन से आग्रह किया कि वह अरशद वारसी को भविष्य में कलाकारों के बारे में ऐसी टिप्पणी करने से बचने की सलाह दे। उन्होंने कहा है कि सहकर्मियों के लिए गरिमा और सम्मान बनाए रखने के महत्व पर जोर दिया जाए और सभी को याद दिलाया जाए कि फिल्म जगत एक बड़ा परिवार है।
क्या था मामला
अरशद वारसी ने हाल ही में एक पॉडकास्ट के दौरान कल्कि 2898 AD की आलोचना की, जहां उन्होंने प्रभास को फिल्म में "जोकर की तरह" दिखने वाला बताया। इस कमेंट के बाद साउथ के कुछ लोगों ने प्रभास के लिए आवाज भी उठाई है। अरशद वारसी ने यूट्यूब पर समदीश भाटिया के साथ इंटरव्यू में कहा, "मैंने कल्कि फिल्म देखी। मुझे फिल्म बिल्कुल अच्छी नहीं लगी। मुझे तकलीफ हुई ये देखते हुए तब अमित जी ने अविश्वसनीय काम किया। मैंने उस इंसान कभी समझ ही नहीं पाया। अगर हम लोगों में उनके जैसी पावर हो ना, लाइफ बन जाए। वो बहुत अनरियल हैं।" जहां अरशद ने अमिताभ बच्चन की जमकर तारीफ की, तो वहीं भैरवा का किरदार निभाने के लिए प्रभास को खरी खोटी सुनाई। उन्होंने कहा "प्रभास, मुझे बहुत दुख है कि वो क्यों फिल्म में जोकर लग रहा था।
