दिवाली पर पटाखे न जलाने की अपील करना आखिर इतना बड़ा विवाद कैसे बन गया? एक्ट्रेस दीया मिर्जा (Dia Mirza) ने प्रदूषण मुक्त दिवाली मनाने की अपील की, लेकिन उनका यह संदेश कुछ नेताओं को पसंद नहीं आया। विवाद इतना बढ़ा कि बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) के सोशल मीडिया अकाउंट से वीडियो हटा दिया गया। अब दीया ने इस मामले पर चुप्पी तोड़ी है और सवाल उठाया है कि लोगों की सेहत से जुड़े मैसेज की आलोचना क्यों हो रही है। (Times Now Navbharat पर ये भी पढ़ें- 'दूसरे देश में होते तो डिपोर्ट कर दिए जाते', Imran Khan पर बॉम्बे हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी
दीया मिर्जा का फूटा गुस्सा (pic credit-instagram)
दीया मिर्जा का फूटा गुस्सा
दीया मिर्जा लंबे समय से पर्यावरण को बचाने और प्रदूषण कम करने की बात करती रही हैं। दिवाली 2026 से पहले वह बीएमसी के प्रदूषण मुक्त दिवाली अभियान से जुड़ी थीं। इस वीडियो में उन्होंने लोगों से अपील की थी कि वे पटाखे जलाने से बचें और पर्यावरण का ध्यान रखते हुए त्योहार मनाएं। वीडियो में माधुरी दीक्षित, क्रिकेटर अजिंक्य रहाणे और निशिगंधा वाड भी नजर आए थे। वीडियो को लेकर विवाद तब बढ़ा, जब भाजपा नेता अमीत साटम ने इसकी आलोचना की। उन्होंने कहा कि दीया मिर्जा को लोगों को यह सिखाने की जरूरत नहीं है कि दिवाली कैसे मनाई जाए। उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय परंपराएं देश की संस्कृति से जुड़ी हैं।
विवाद के बीच दीया मिर्जा ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि बॉम्बे हाईकोर्ट और बीएमसी ने उनसे जनहित में यह वीडियो बनवाया था। उन्होंने सवाल किया कि ऐसे वीडियो की आलोचना क्यों होनी चाहिए। दीया ने कहा कि वायु प्रदूषण एक बड़ी चिंता है और इसे कम करने की हर कोशिश का स्वागत होना चाहिए, क्योंकि यह लोगों की सेहत से जुड़ा मामला है। 2 नवंबर 2026 को मुंबई की मेयर ऋतु तावड़े ने भी दीया मिर्जा के अभियान पर आपत्ति जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि दीया पहले भी नर्मदा परियोजना, समान नागरिक संहिता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयानों का विरोध कर चुकी हैं। मेयर ने कहा कि हिंदुओं को दिवाली मनाने का तरीका बताने के लिए दीया की जरूरत नहीं है।
