Exclusive Interview: लोकसभा चुनाव का दौर जारी है और अब तक चार चरणों के मतदान संपन्न हो चुके हैं। इसी बीच टाइम्स नाउ और टाइम्स नाउ नवभारत की ग्रुप एडिटर-इन-चीफ नाविका कुमार ने भाजपा के वरिष्ठ नेता व केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से बातचीत की। इस दौरान उनसे ओडिशा में भाजपा और बीजद के बीच 'कैसे रिश्ते' हैं, इस पर सवाल किया गया, जिस पर केंद्रीय मंत्री ने क्या कुछ कहा। आइए जानते हैं इस खास बातचीत में।
केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान।
भाजपा और बीजद के रिश्तों पर सवाल
जब केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से सवाल किया गया कि पिछले 10 वर्षों से लोगों को लग रहा था कि भाजपा और बीजद के बीच कुछ लव अफेयर्स जैसा मामला है। अक्सर मुख्यमंत्री नवीन पटनायक केंद्र सरकार की तारीफ करते थे। साथ ही भाजपा और बीजद के बीच गठबंधन की बातचीत भी चल रही थी, लेकिन अब दोनों पार्टियों के बीच रिश्ता खत्म हो गया है। यहां तक कि पीएम मोदी ने नवीन पटनायक पर हमला करते हुए कहा कि वह तो बिना कागज देखें ओडिशा के 30 जिलों के नाम तक नहीं बता सकते हैं।
दोनों पार्टियों के बीच कड़वाहट नहींः प्रधान
इस पर केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि यह दोनों पार्टियों के बीच कड़वाहट नहीं है, बल्कि ये राजनीतिक प्रतिस्पर्धा है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि 1998 में बीजद के गठन से लेकर 2009 तक हम दोनों साथ थे। बीजद एनडीए की हिस्सा रही। 2009 के बाद हम दोनों अलग हुए और अपने राजनीतिक संगठनों को मजबूत किया। केंद्रीय मंत्री ने बीजद से मिलने वाले समर्थन पर कहा कि हाल ही के ऐसे कई उदाहरण है, जब बीजद ने हमारा समर्थन किया। बीजद ने लोकसभा और राज्यसभा में हमारा समर्थन किया। महिला आरक्षण विधेयक पर तो कांग्रेस ने भी हमारा समर्थन किया, तो क्या इसका मतलब हम साथ में चुनाव लड़ने जा रहे हैं?
पीएम मोदी ने हमेशा ओडिशा की मदद कीः धर्मेंद्र प्रधान
धर्मेंद्र प्रधान ने आगे कहा कि चुनाव लड़ना अलग बात है। सवालिया अंदाज में कहा कि जब कोई आपदा आ जाए तो हमें मदद करनी चाहिए या राजनीति। पिछले 10 वर्षों में ओडिशा में जब भी कोई आपदा आया, तो पीएम मोदी सबसे पहले आगे आए और खुले दिल से ओडिशा की मदद की। उन्होंने कहा कि 1999 में सुपर साइक्लोन के वक्त पू्र्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी ने वादा किया था कि ओडिशा के विकास के लिए कोई कमी नहीं होगी। इसका लोगों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा और आज भी पीएम मोदी ओडिशा की मदद कर रहे हैं।
प्रधान ने नवीन पटनायक से पूछे सवाल
बातचीत में केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि राज्य सरकार की आलोचना करने का मतलब यह नहीं है कि वे राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी हैं। प्रधानमंत्री ने सवाल किया कि ओडिशा के मुख्यमंत्री का एजेंडा क्या है। सवालिया लहजे में कहा कि 24 साल के शासन के बाद ओडिशा में अभी भी ऐसे कई गांव हैं, जहां पीने का पानी नहीं है। इस पर मुख्यमंत्री के पास क्या जवाब है? ओडिशा महानदी नदी है, फिर भी पिछले 50 वर्षों में कोई नई जल संसाधन परियोजना विकसित नहीं हुई है।
केंद्रीय मंत्री ने ओडिशा सरकार के कामकाज पर सवाल किया कि सरकारी अस्पतालों में प्राथमिक स्वास्थ्य देखभाल का अभाव है। डॉक्टरों के कितने स्वीकृत पद भरे गए? ओडिशा की एक तिहाई आबादी रोजगार के लिए बाहर पलायन करती है। 24 साल बाद ओडिशा को क्या हासिल हुआ? पीएम मोदी ने इन मुद्दों को उजागर किया। उन्होंने कहा कि ओडिशा के पास नंबर वन राज्य बनने की अपार संभावनाएं हैं। जनता ने कांग्रेस और बीजू जनता दल को मौका दिया है। इस बार भाजपा को मौका दीजिए और हम ओडिशा को नंबर वन बनाएंगे
अपनी जीत पर क्या बोले धर्मेंद्र प्रधान
इसके अलावा जब केंद्रीय मंत्री से सवाल किया गया कि नवीन पटनायक ने संबलपुर लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में एक मजबूत उम्मीदवार प्रणब दास को मैदान में उतारा है, तो क्या आप जीत पाएंगे? इस पर धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि निश्चित रूप से भाजपा जीतेगी। यह पार्टी के लिए अच्छी जगह है और हमें यहां पर लोगों का समर्थन मिल रहा है।
